Bihar: भागलपुर और नवगछिया के बीच सड़क संपर्क जोड़ने वाला विक्रमशिला सेतु क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे हजारों यात्रियों और व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस समस्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने गंगा
Bihar: भागलपुर और नवगछिया के बीच सड़क संपर्क जोड़ने वाला विक्रमशिला सेतु क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे हजारों यात्रियों और व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस समस्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने गंगा नदी में फेरी और कार्गो सेवा शुरू करने की तैयारी कर ली है। जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने बैठक कर इस व्यवस्था को जल्द लागू करने का निर्देश दिया है ताकि आम जनता और माल ढुलाई प्रभावित न हो।
फेरी और कार्गो सेवा की क्या है तैयारी
प्रशासन ने तय किया है कि फेरी और कार्गो सेवाओं के लिए जल्द ही दरें निर्धारित की जाएंगी ताकि यात्रियों से मनमानी वसूली न हो। आम लोगों के लिए मुफ्त नाव सेवा पहले से ही चालू है। इसके अलावा, नवगछिया से भागलपुर आने वाले सब्जी, दूध और केला विक्रेताओं के लिए सुबह के समय दो बड़ी मुफ्त विशेष नावें चलाई जाएंगी। शार्क शिपिंग कंपनी अगले चार दिनों में बड़े मालवाहक जहाज शुरू करेगी, जो एक बार में 10 से 24 बड़े ट्रक और हाइवा को 10 मिनट में पार करा सकेंगे।
पुल की मरम्मत और वैकल्पिक रास्ता क्या है
विक्रमशिला सेतु के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत में करीब तीन महीने का समय लगेगा। इस बीच जल्द ही बेली ब्रिज का निर्माण शुरू होगा, जिसके लिए राउरकेला से स्टील स्ट्रक्चर और उपकरण पहुंच चुके हैं। अधिकारियों के अनुसार, समानांतर बन रहा नया पुल दिसंबर 2026 तक चालू हो सकता है। फिलहाल वाहनों के लिए मुंगेर के श्रीकृष्ण सिंह सेतु और खगड़िया स्थित गंगा पुल को वैकल्पिक मार्ग के रूप में इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।
प्रशासनिक कार्रवाई और सुरक्षा इंतजाम
पुल निर्माण निगम के कार्यपालक अभियंता को लापरवाही के चलते निलंबित कर दिया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मदद मांगी है, जिसके बाद BRO की टीम तकनीकी निरीक्षण और मरम्मत कार्य में जुटी है। यात्रियों की सुविधा के लिए नगर निगम ने मायागंज अस्पताल और तातारपुर में नाइट शेल्टर की व्यवस्था की है। नावों के चलने का समय सुबह 5 बजे से शाम 5 बजे तक तय किया गया है, हालांकि हाल ही में बरारी घाट पर नाव दुर्घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
विक्रमशिला सेतु की मरम्मत में कितना समय लगेगा?
पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत में लगभग तीन महीने का समय लगेगा। इस बीच वैकल्पिक व्यवस्था के लिए बेली ब्रिज बनाया जाएगा और नया समानांतर पुल दिसंबर 2026 तक तैयार होने की उम्मीद है।
व्यापारियों और किसानों के लिए क्या सुविधा है?
सब्जी, दूध और केला विक्रेताओं के लिए सुबह दो मुफ्त विशेष नावें चलेंगी। साथ ही शार्क शिपिंग कंपनी के बड़े जहाज ट्रकों और हाइवा को गंगा पार कराने की सुविधा देंगे जिससे कोसी और सीमांचल के व्यापारियों को राहत मिलेगी।