UP: उत्तर प्रदेश के सभी परिषदीय विद्यालयों और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों (KGBV) में ‘भारतीय भाषा ग्रीष्मकालीन शिविर-2026’ का आयोजन किया जा रहा है। लखनऊ समेत पूरे प्रदेश में 13 मई से 19 मई 2026 तक चलने व
UP: उत्तर प्रदेश के सभी परिषदीय विद्यालयों और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों (KGBV) में ‘भारतीय भाषा ग्रीष्मकालीन शिविर-2026’ का आयोजन किया जा रहा है। लखनऊ समेत पूरे प्रदेश में 13 मई से 19 मई 2026 तक चलने वाले इस कैंप में बच्चे अलग-अलग भारतीय भाषाओं और कलाओं से रूबरू होंगे। नेशनल एजुकेशन पॉलिसी-2020 के तहत शुरू किए गए इस प्रोग्राम का मकसद बच्चों के बातचीत करने के तरीके को सुधारना और उन्हें बहुभाषी बनाना है।
शिविर में क्या-क्या सिखाया जा रहा है?
इस साल के कैंप में पहली बार बच्चों को इंडियन साइन लैंग्वेज (भारतीय सांकेतिक भाषा) सिखाई जा रही है। स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी ने इसके लिए सभी DIET प्रिंसिपल्स और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। बच्चों के लिए रोजाना दो घंटे की एक्टिविटी तय की गई है। पहले दिन अभिवादन, वर्णमाला और नंबरों से शुरुआत हुई, जिसके बाद अब बच्चे दैनिक जीवन के संवाद, संगीत, डांस, पेंटिंग और स्थानीय व्यंजनों के बारे में जान रहे हैं।
सीखने के तरीके और खास गतिविधियां क्या हैं?
बच्चों को बोरियत न हो, इसलिए रोल-प्ले, फ्लैशकार्ड, ऑडियो-विजुअल मटेरियल, नुक्कड़ नाटक और कठपुतलियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। कैंप के दौरान स्थानीय नायकों की जानकारी और नदियों, पहाड़ों व ऐतिहासिक स्थलों के जरिए इतिहास और भूगोल समझाया जा रहा है। आखिरी दिन पारंपरिक खेल, अंत्याक्षरी और टंग ट्विस्टर्स जैसी मजेदार गतिविधियां होंगी। इस पूरे आयोजन की जिम्मेदारी DIET की है और इसमें NGO व ग्रेजुएट वॉलंटियर्स भी मदद कर रहे हैं।
प्राइवेट सेक्टर में भी चल रहे हैं स्किल कैंप
सरकारी स्कूलों के अलावा लखनऊ में Achievers Destination Academy जैसे प्राइवेट संस्थान भी छोटे बच्चों के लिए कैंप चला रहे हैं। ये प्रोग्राम प्लेस्कूल और डेकेयर के बच्चों के लिए हैं, जिसमें अबैकस (Abacus), फोनिक्स, मेमोरी तकनीक, इंग्लिश और साइंस एक्सपेरिमेंट जैसे विषयों पर फोकस किया जा रहा है ताकि बच्चों की स्किल्स बढ़ सकें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
भारतीय भाषा ग्रीष्मकालीन शिविर-2026 कब से कब तक है?
यह शिविर 13 मई से 19 मई 2026 तक उत्तर प्रदेश के सभी परिषदीय विद्यालयों और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में आयोजित किया जा रहा है।
इस साल के समर कैंप में नया क्या जोड़ा गया है?
इस साल पहली बार बच्चों को इंडियन साइन लैंग्वेज (भारतीय सांकेतिक भाषा) सिखाई जा रही है, जिसकी सामग्री SCERT UP द्वारा PM e-Vidya चैनल के माध्यम से उपलब्ध कराई गई है।