UP में जिला पंचायत से पास नक्शों पर बने मकान होंगे नियमित, 200 वर्गमीटर तक के घरों को मिलेगी बड़ी राहत

UP: उत्तर प्रदेश सरकार ने उन मकान मालिकों को बड़ी राहत दी है जिन्होंने जिला पंचायत से नक्शा पास कराकर अपने घर बनाए थे। अब इन भवनों को नियमित किया जाएगा, जिससे लाखों लोग कानूनी झंझटों से बच सकेंगे। लखनऊ सहित प्रदेश के कई

UP: उत्तर प्रदेश सरकार ने उन मकान मालिकों को बड़ी राहत दी है जिन्होंने जिला पंचायत से नक्शा पास कराकर अपने घर बनाए थे। अब इन भवनों को नियमित किया जाएगा, जिससे लाखों लोग कानूनी झंझटों से बच सकेंगे। लखनऊ सहित प्रदेश के कई शहरों में इस फैसले का सीधा असर पड़ेगा और लोगों को अपने घर को वैध कराने का मौका मिलेगा।

सरकार ने 18 जून, 2026 को इस संबंध में आधिकारिक आदेश (संख्या 8-3099/223/2022) जारी कर दिया है। इस नीति के तहत उन मकानों को नियमित किया जाएगा जिनके नक्शे 1 अप्रैल, 2026 तक जिला पंचायतों द्वारा स्वीकृत किए गए थे। आवास विभाग के प्रमुख सचिव पी. गुरुप्रसाद ने निर्देश दिए हैं कि विकास प्राधिकरण इन सभी मामलों का निपटारा 12 महीने के भीतर पूरा करें।

शुल्क और छूट के नियमों को आसान रखा गया है ताकि आम आदमी पर बोझ न पड़े। 200 वर्गमीटर तक के आवासीय प्लॉट पर बने मकानों को भू-उपयोग परिवर्तन शुल्क में 100% की छूट मिलेगी, यानी उन्हें कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा। अन्य निर्माणों और टाउनशिप के लिए इस शुल्क में 75% की छूट दी जाएगी। हालांकि, नियमितीकरण के लिए भवन स्वामियों को निर्धारित शमन शुल्क (कंपाउंडिंग फीस) जमा करना होगा।

विवरण नियम/छूट
नियमितीकरण की समय सीमा 12 महीने
नक्शा स्वीकृति की अंतिम तिथि 1 अप्रैल, 2026
200 वर्गमीटर तक के घर भू-उपयोग शुल्क में 100% छूट
टाउनशिप और अन्य निर्माण भू-उपयोग शुल्क में 75% छूट
अवैध निर्माण (तालाब, नाला, सड़क) नियमित नहीं होंगे, ध्वस्तीकरण संभव
ग्रीन बेल्ट क्षेत्र केवल 200 वर्गमीटर तक सशर्त वैध

भविष्य में किसी गड़बड़ी या बैक डेटिंग को रोकने के लिए सरकार ने जिला पंचायतों को 15 दिनों के भीतर सभी स्वीकृत नक्शों की प्रमाणित सूची विकास प्राधिकरणों को सौंपने का आदेश दिया है। अब विकास क्षेत्र और विनियमित क्षेत्रों में नक्शा पास करने का अधिकार सिर्फ विकास प्राधिकरणों के पास होगा, जिला पंचायतों के पास यह अधिकार नहीं रहेगा।