UP: संभल जिले में बुधवार को गंगा एक्सप्रेसवे पर एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। जम्मू-कश्मीर से वापस लखनऊ लौट रहे एक परिवार की Scorpio कार डिवाइडर से टकरा गई। इस हादसे में लखनऊ के नखासा मोहल्ले के एक ही परिवार के 11 लोग घायल
UP: संभल जिले में बुधवार को गंगा एक्सप्रेसवे पर एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। जम्मू-कश्मीर से वापस लखनऊ लौट रहे एक परिवार की Scorpio कार डिवाइडर से टकरा गई। इस हादसे में लखनऊ के नखासा मोहल्ले के एक ही परिवार के 11 लोग घायल हुए, जिनमें से 3 लोगों की जान चली गई।
हादसे में किन लोगों की मौत हुई और कौन घायल हैं?
इस दुर्घटना में लखनऊ के चौक क्षेत्र के व्यवसायी अबूबकर (40), उनकी रिश्तेदार हिना (28) और 15 साल की जुनैरा की मौत हो गई। अबूबकर ने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया, जबकि हिना और जुनैरा की मौत मुरादाबाद के एक निजी अस्पताल में हुई। हादसे में आमना, कुलसुम, शिवरा अफगान, अफीका, उमर, मोहम्मद और हादिया समेत अन्य लोग घायल हुए हैं। सात बच्चे भी इस कार में सवार थे। तीन घायलों की हालत अभी भी नाजुक है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए मुरादाबाद रेफर किया गया है।
कैसे हुआ यह हादसा और पुलिस ने क्या कहा?
यह हादसा संभल के कैला देवी थाना क्षेत्र और अमरोहा जिले की सीमा के पास गांव गारवपुर के पास हुआ। पुलिस की शुरुआती जांच और चश्मदीदों के मुताबिक, कार चालक को नींद की झपकी आने की वजह से गाड़ी अनियंत्रित होकर डिवाइडर से जा टकराई। पुलिस अधिकारी ने बताया कि गाड़ी मेरठ से लखनऊ की तरफ जा रही थी। बेहजोई सीएचसी के प्रभारी सचिन कुमार ने भी घायलों की पुष्टि की है। पुलिस अब इस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
गंगा एक्सप्रेसवे पर सुरक्षा और हादसों की चिंता
गंगा एक्सप्रेसवे पर नींद आने और ‘व्हाइट लाइन फीवर’ जैसे कारणों से होने वाले हादसों को रोकने के लिए रंबल स्ट्रिप्स और AI कैमरों का इस्तेमाल किया गया है। हालांकि, रात में रोशनी की कमी और जंगली जानवरों की आवाजाही की वजह से लोग डरे रहते हैं। हापुड़ इलाके में अब तक 22 हादसों में 9 लोगों की जान जा चुकी है। एक्सप्रेसवे 120 किमी प्रति घंटे की रफ्तार के लिए बना है, लेकिन यहां ट्रैक्टर और दोपहिया वाहनों के चलने से भी सुरक्षा को लेकर सवाल उठते रहे हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
संभल में गंगा एक्सप्रेसवे पर हादसा क्यों हुआ?
प्रारंभिक जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे का मुख्य कारण कार चालक को नींद की झपकी आना बताया जा रहा है, जिससे स्कॉर्पियो डिवाइडर से टकरा गई।
हादसे का शिकार कौन सा परिवार हुआ है?
यह परिवार लखनऊ के नखासा मोहल्ले का रहने वाला था और जम्मू-कश्मीर से वापस लखनऊ लौट रहा था। इसमें कुल 11 लोग सवार थे, जिनमें 7 बच्चे भी शामिल थे।