Mumbai में विरोध प्रदर्शन के दौरान Uorfi Javed की पुलिस से भिड़ंत, हिरासत में लिए जाने से बचीं

Maharashtra: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर Uorfi Javed और उनकी बहनें बुधवार को मुंबई में छात्रों के समर्थन में हो रहे विरोध प्रदर्शन में शामिल होने पहुंची थीं। इस दौरान उनका सामना मुंबई पुलिस से हुआ और उरफी का दावा है कि वह बा

Maharashtra: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर Uorfi Javed और उनकी बहनें बुधवार को मुंबई में छात्रों के समर्थन में हो रहे विरोध प्रदर्शन में शामिल होने पहुंची थीं। इस दौरान उनका सामना मुंबई पुलिस से हुआ और उरफी का दावा है कि वह बाल-बाल बचीं वरना पुलिस उन्हें हिरासत में ले लेती। उरफी ने इंस्टाग्राम पर बताया कि शिवाजी नगर में प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही पुलिस लोगों को हिरासत में ले रही थी।

यह पूरा मामला NEET परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों और पेपर लीक के विरोध में शुरू हुए प्रदर्शनों से जुड़ा है। इस आंदोलन को Cockroach Janta Party (CJP) के नाम से जाना जा रहा है, जो केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। उरफी जावेद ने आरोप लगाया कि जो लोग शांति से अपनी बात रखना चाहते थे, उन्हें पुलिस रोक रही थी और बिना किसी ठोस वजह के लोगों को पकड़ा जा रहा था।

दूसरी तरफ मुंबई पुलिस ने शहर में शांति बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाए हैं। पुलिस उपायुक्त (ऑपरेशंस) अकबर पठान ने 23 जुलाई से 6 अगस्त 2026 तक के लिए निषेधाज्ञा (prohibitory orders) जारी की है। इस आदेश के तहत सार्वजनिक जगहों पर पांच या उससे ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने पर रोक लगा दी गई है। साथ ही लाउडस्पीकर, म्यूजिक बैंड और पटाखों के इस्तेमाल पर भी पाबंदी है।

पुलिस का कहना है कि NEET विवाद के कारण माहौल संवेदनशील है और शांति भंग होने या जान-माल के नुकसान का खतरा हो सकता है, इसलिए यह फैसला लिया गया। अगर कोई इन नियमों को तोड़ता है, तो उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 और महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 135 के तहत FIR दर्ज की जा सकती है। इसके अलावा गैरकानूनी तरीके से इकट्ठा होने पर BNS की धारा 189 और 190 के तहत कार्रवाई होगी।