Finance: भारत के कई शहरों और राज्यों में व्यापार करने के नियमों को आसान बनाया जा रहा है. बिहार के भागलपुर, उत्तर प्रदेश के आगरा और दिल्ली जैसे बड़े शहरों में ट्रेड लाइसेंस की जटिलताओं को खत्म करने की तैयारी है. सरकार का
Finance: भारत के कई शहरों और राज्यों में व्यापार करने के नियमों को आसान बनाया जा रहा है. बिहार के भागलपुर, उत्तर प्रदेश के आगरा और दिल्ली जैसे बड़े शहरों में ट्रेड लाइसेंस की जटिलताओं को खत्म करने की तैयारी है. सरकार का मकसद यह है कि छोटे व्यापारी बिना किसी डर और भ्रष्टाचार के अपना काम कर सकें और नगर निगम का राजस्व भी बढ़े.
अलग-अलग शहरों में क्या हुए बदलाव
भागलपुर में महापौर डॉ. बसुंधरा लाल ने ट्रेड लाइसेंस की प्रक्रिया को सरल बनाने और शैक्षणिक संस्थानों पर लगे जुर्माने की समीक्षा के निर्देश दिए हैं. वहीं आगरा में महापौर हेमलता दिवाकर कुशवाह ने 69 तरह के ट्रेड पर लगने वाले लाइसेंस शुल्क को खत्म करने का निर्णय लिया है ताकि भ्रष्टाचार और प्रशासनिक उलझनें कम हों. दिल्ली नगर निगम (MCD) ने अब जनरल ट्रेड लाइसेंस को सीधे प्रॉपर्टी टैक्स से जोड़ दिया है, जिससे व्यापारियों को अलग से आवेदन करने की जरूरत नहीं होगी.
लाइसेंस शुल्क और टर्नओवर की नई दरें
बिहार और खाद्य कारोबार के लिए शुल्क की नई सीमाएं तय की गई हैं. भागलपुर नगर निगम और FSSAI के नए नियमों की जानकारी नीचे टेबल में दी गई है:
| श्रेणी/टर्नओवर |
भागलपुर नगर निगम शुल्क |
FSSAI पंजीकरण शुल्क |
| 10 लाख से कम |
कोई शुल्क नहीं |
₹100 (1.5 करोड़ तक) |
| 10 लाख से 50 लाख |
₹2500 सालाना |
– |
| 50 लाख से 1 करोड़ |
₹5000 सालाना |
– |
| 1 करोड़ से अधिक |
₹10,000 सालाना |
– |
छत्तीसगढ़ और खाद्य कारोबार के नए नियम
छत्तीसगढ़ सरकार ने ‘नगरपालिका व्यापार अनुज्ञापन नियम 2025’ के तहत सभी व्यवसायों, यहाँ तक कि गुमटी और ठेले वालों के लिए भी लाइसेंस अनिवार्य कर दिया है. यहाँ अधिकतम शुल्क नगर निगम में ₹30,000 और नगर पंचायत में ₹10,000 रखा गया है. दूसरी ओर, FSSAI ने बेसिक रजिस्ट्रेशन की टर्नओवर सीमा ₹12 लाख से बढ़ाकर ₹1.5 करोड़ कर दी है. अब स्ट्रीट फूड बेचने वाले लोग, जो स्ट्रीट वेंडिंग एक्ट के तहत पंजीकृत हैं, उन्हें FSSAI में स्वतः पंजीकृत माना जाएगा.
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली में ट्रेड लाइसेंस के लिए अब क्या करना होगा?
दिल्ली में अब जनरल ट्रेड लाइसेंस प्रॉपर्टी टैक्स से जुड़ गया है. प्रॉपर्टी टैक्स की रसीद ही वैध लाइसेंस मानी जाएगी, बशर्ते आप प्रदूषण और अग्नि सुरक्षा नियमों का पालन कर रहे हों.
खाद्य कारोबारियों के लिए रजिस्ट्रेशन नियम क्या हैं?
FSSAI के नए नियमों के अनुसार, ₹1.5 करोड़ तक के टर्नओवर वाले व्यवसायों को अब केवल ₹100 का पंजीकरण शुल्क देना होगा.