Maharashtra: ठाणे नगर निगम (TMC) ने संजय गांधी नेशनल पार्क (SGNP) के अंदर आने वाली 100 एकड़ जमीन को पार्क के लिए ‘रिजर्व’ घोषित कर दिया है। यह पूरी प्रक्रिया पिछले शुक्रवार यानी 16 मई 2026 से शुरू हो गई है। स
Maharashtra: ठाणे नगर निगम (TMC) ने संजय गांधी नेशनल पार्क (SGNP) के अंदर आने वाली 100 एकड़ जमीन को पार्क के लिए ‘रिजर्व’ घोषित कर दिया है। यह पूरी प्रक्रिया पिछले शुक्रवार यानी 16 मई 2026 से शुरू हो गई है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में बॉम्बे हाई कोर्ट के पुराने फैसले पर रोक लगा दी है, जिसके बाद अब प्रशासन ने जमीन की घेराबंदी शुरू कर दी है।
जमीन की घेराबंदी और सुरक्षा के इंतजाम क्यों?
TMC इस वक्त जमीन पर बोर्ड लगा रहा है ताकि इसे रिजर्व पार्क के तौर पर चिह्नित किया जा सके। किसी भी तरह के विवाद या कानून-व्यवस्था की समस्या से बचने के लिए ठाणे सिटी पुलिस के जोन-5 के जवानों को वहां तैनात किया गया है। DCP प्रशांत कदम ने बताया कि जब तक जमीन की भौतिक सीमा तय नहीं हो जाती और सभी कानूनी कागजात नहीं मिल जाते, तब तक यह क्षेत्र प्रतिबंधित रहेगा। इसके बाद ही इसे आम जनता के लिए खोला जाएगा।
सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के फैसलों में क्या था अंतर?
फरवरी 2026 में बॉम्बे हाई कोर्ट ने फैसला सुनाया था कि मानपाडा की 217 एकड़ जमीन को प्राइवेट फॉरेस्ट नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने TMC को निर्देश दिया था कि वह जमीन के मालिक ‘D Dahyabhai and Co Pvt Ltd’ को डेवलपमेंट राइट्स (TDR) दे, जिसकी कीमत करीब 2,800 करोड़ रुपये हो सकती थी। लेकिन 27 अप्रैल 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने इस फैसले पर अंतरिम रोक लगा दी। अब इस मामले की अगली सुनवाई 20 जुलाई 2026 को होगी।
स्थानीय लोगों और सरकार का क्या कहना है?
TMC कमिश्नर सौरभ राव ने साफ किया है कि प्रशासन ने स्थानीय लोगों के आने-जाने पर कोई रोक नहीं लगाई है और न ही इस जमीन को प्राइवेट प्रॉपर्टी घोषित किया है। वहीं, राज्य सरकार के पास सुप्रीम कोर्ट में रिव्यू याचिका दाखिल करने की आखिरी तारीख 20 मई 2026 है। सरकार अभी इस पर अपना अंतिम फैसला ले रही है। यह पूरा विवाद पिछले 50 सालों से चला आ रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
TMC ने SGNP की जमीन को रिजर्व क्यों किया?
सुप्रीम कोर्ट ने बॉम्बे हाई कोर्ट के उस आदेश पर रोक लगा दी है जिसमें जमीन के मालिक को डेवलपमेंट राइट्स देने की बात कही गई थी। इसके बाद TMC ने इस 100 एकड़ जमीन को पार्क के लिए रिजर्व करना शुरू किया है।
क्या आम जनता के लिए इस इलाके में जाना बंद है?
DCP प्रशांत कदम के अनुसार, फिलहाल फिजिकल डिमार्केशन (सीमांकन) का काम चल रहा है। कानूनी कागजात मिलने और घेराबंदी पूरी होने के बाद ही इस क्षेत्र को जनता के लिए खोला जाएगा।