South Mumbai में बिजली संकट, 12 घंटे तक जा रही है लाइट; MLA Rais Shaikh ने विधानसभा में उठाया मुद्दा

Maharashtra/Mumbai: दक्षिण मुंबई के कई इलाकों में बिजली की भारी किल्लत हो गई है। यहां रहने वाले लोग रोजाना 8 से 12 घंटे तक बिना बिजली के रहने को मजबूर हैं, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। इस गंभीर समस्या

Maharashtra/Mumbai: दक्षिण मुंबई के कई इलाकों में बिजली की भारी किल्लत हो गई है। यहां रहने वाले लोग रोजाना 8 से 12 घंटे तक बिना बिजली के रहने को मजबूर हैं, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। इस गंभीर समस्या को लेकर MLA Rais Shaikh ने महाराष्ट्र विधानसभा में आवाज उठाई और सरकार का ध्यान इस ओर खींचा।

MLA Rais Shaikh ने बताया कि मोहम्मद अली रोड, नागपाडा, अग्रिपाडा और मदनपुरा जैसे इलाकों में बार-बार बिजली कट रही है। उन्होंने इस संकट के पीछे बुनियादी ढांचे की कमी और स्टाफ की कमी को मुख्य कारण बताया। Shaikh के मुताबिक, साल 2011 के बाद से तकनीकी स्टाफ की कोई नई भर्ती नहीं हुई है। साथ ही, जमीन के नीचे बिछी बिजली की केबल बहुत पुरानी हो चुकी है, जिसकी वजह से बार-बार ब्रेकडाउन हो रहा है और रखरखाव में दिक्कत आ रही है।

इस मामले में उन्होंने सरकार से मांग की है कि विधानसभा में इस पर विस्तार से चर्चा हो और संबंधित मंत्री एक समय सीमा तय करके इस समस्या को सुलझाने का ठोस प्लान पेश करें। इससे पहले 2 जून 2026 को महाराष्ट्र के मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा ने गिरगांव इलाके का दौरा किया था। उन्होंने वहां बिजली कटौती की जांच की और तुरंत मरम्मत के आदेश दिए। मंत्री ने साफ किया कि लोड बढ़ने की वजह से यह समस्या आई है और यह कोई पूर्व-नियोजित कटौती नहीं थी।

BEST (Brihanmumbai Electricity Supply and Transport) के अधिकारियों ने भी माना है कि गिरगांव में इस्तेमाल होने वाली कई केबल 1985 से 1990 के बीच बिछाई गई थीं, जिन्हें अब बदलने की जरूरत है। BEST के प्रवक्ता ने बताया कि बुनियादी ढांचे के काम के दौरान अंडरग्राउंड केबल्स को नुकसान पहुंचने, पुराने सिस्टम और हीटवेव की वजह से बिजली की मांग में करीब 4% की बढ़ोतरी होने से यह संकट पैदा हुआ है। इस समस्या का असर गिरगांव, भुलेश्वर, ओपेरा हाउस, ठाकुरद्वार, कालबादेवी, दादर और वडाला जैसे इलाकों के निवासियों पर पड़ रहा है।