Saudi Arabia में जानवरों पर क्रूरता करने वालों की खैर नहीं, 5 साल की जेल और 10 करोड़ का जुर्माना

World: सऊदी अरब ने जानवरों की सुरक्षा के लिए बहुत कड़े कानून बनाए हैं। वहां के एग्रीकल्चर लॉ के आर्टिकल 28 के तहत जानवरों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। अगर कोई जानवर के साथ क्रूरता करता पा

World: सऊदी अरब ने जानवरों की सुरक्षा के लिए बहुत कड़े कानून बनाए हैं। वहां के एग्रीकल्चर लॉ के आर्टिकल 28 के तहत जानवरों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। अगर कोई जानवर के साथ क्रूरता करता पाया गया, तो उसे भारी जुर्माना और जेल की सजा भुगतनी होगी।

सऊदी अरब के पर्यावरण, जल और कृषि मंत्रालय (MEWA) ने साफ किया है कि पालतू जानवरों, खेती के पशुओं और अन्य जानवरों को जानबूझकर चोट पहुंचाना एक गंभीर अपराध है। इसके लिए अधिकतम सजा 5 साल की जेल और 10 मिलियन सऊदी रियाल (लगभग 2.7 मिलियन अमेरिकी डॉलर) का जुर्माना हो सकता है। कुछ मामलों में जेल और जुर्माना दोनों ही लागू किए जाएंगे।

मंत्रालय ने कई तरह की प्रथाओं पर पूरी तरह रोक लगा दी है। बिना मेडिकल जरूरत के जानवरों की पूंछ काटना, कान काटना, नाखूनों को हटाना, भौंकने रोकने की सर्जरी, सींग हटाना और केमिकल कास्ट्रेशन करना अब मना है। इसके अलावा जानवरों को रंगना, ऊंटों में कॉस्मेटिक फिलर्स का इस्तेमाल करना और रेस के दौरान उत्तेजक दवाओं का प्रयोग करना भी अपराध की श्रेणी में आता है।

जानवरों की भलाई के लिए वहां ‘Refq’ नाम की सोसाइटी भी काम कर रही है, जो बेसहारा जानवरों के इलाज और उनके गोद लेने की प्रक्रिया में मदद करती है। वहीं अल-उला में एक खास एनिमल वेलफेयर सेंटर और क्लिनिक भी खोला गया है, जहां आवारा जानवरों के टीकाकरण और इलाज का काम होता है।

सरकार ने आम लोगों से अपील की है कि वे पशु क्रूरता के मामलों की रिपोर्ट टोल-फ्री नंबर 8002470000 या 939 पर करें। साथ ही, गर्मी के मौसम में पालतू जानवरों को ठंडी जगह रखने, उन्हें पर्याप्त पानी और खाना देने की सलाह भी दी गई है ताकि वे भीषण गर्मी से सुरक्षित रह सकें।