UP : लखनऊ समेत पूरे देश के आसमान में 9 जून 2026 को एक बहुत ही खास खगोलीय घटना होने वाली है। इस दिन शुक्र और बृहस्पति ग्रह एक-दूसरे के इतने करीब नजर आएंगे कि यह नजारा किसी ‘कॉस्मिक किस’ जैसा लगेगा। यह घटना सूर
UP : लखनऊ समेत पूरे देश के आसमान में 9 जून 2026 को एक बहुत ही खास खगोलीय घटना होने वाली है। इस दिन शुक्र और बृहस्पति ग्रह एक-दूसरे के इतने करीब नजर आएंगे कि यह नजारा किसी ‘कॉस्मिक किस’ जैसा लगेगा। यह घटना सूर्यास्त के कुछ समय बाद पश्चिम-उत्तर पश्चिम दिशा में देखी जा सकेगी।
कब और कैसे दिखेगा यह नजारा
यह खास नजारा 9 जून 2026 को सबसे साफ दिखेगा, हालांकि 8 और 9 जून की शाम को भी ये ग्रह करीब नजर आएंगे। लखनऊ के लोगों के लिए यह नजारा शाम 7:12 बजे से रात 9:20 बजे तक उपलब्ध रहेगा। बाकी शहरों में सूर्यास्त के करीब 45 मिनट बाद से रात 9 बजे तक इसे देखा जा सकता है। 4 जून से 14 जून के बीच ये दोनों ग्रह करीब रहेंगे, लेकिन 9 जून को इनकी दूरी सबसे कम होगी।
कहाँ जा सकते हैं देखने के लिए
इस घटना को देखने के लिए दिल्ली का नेहरू तारामंडल 9 जून को शाम 7:30 बजे से तीन मूर्ति भवन के सामने मैदान में फ्री सेशन रखेगा। लखनऊ में इंदिरा गांधी तारामंडल के अधिकारी भी लोगों के लिए टेलीस्कोप लगाने की तैयारी कर रहे हैं। खगोलविदों का कहना है कि इसे नंगी आंखों से देखा जा सकता है, लेकिन दूरबीन से यह और भी शानदार दिखेगा।
क्या है इस घटना की असलियत
वैज्ञानिकों और NASA ने पुष्टि की है कि यह एक ‘ग्रहीय युति’ है। इसका मतलब है कि अंतरिक्ष में ये ग्रह एक-दूसरे से लाखों किलोमीटर दूर हैं, लेकिन पृथ्वी से देखने पर ये एक ही लाइन में होने के कारण करीब नजर आते हैं। इसके अलावा 11 से 15 जून के बीच बुध ग्रह भी दिखेगा, जिससे आसमान में तीन ग्रहों का एक साथ जमावड़ा यानी ‘प्लेनेट परेड’ जैसा माहौल बन जाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
शुक्र और बृहस्पति ग्रह कब और कहाँ दिखाई देंगे
यह नजारा 9 जून 2026 को सूर्यास्त के लगभग 30-45 मिनट बाद पश्चिम-उत्तर पश्चिम दिशा में दिखाई देगा। लखनऊ में यह शाम 7:12 से रात 9:20 तक देखा जा सकेगा।
क्या इसे देखने के लिए किसी खास उपकरण की जरूरत है
नहीं, यह घटना पूरे भारत में नंगी आंखों से आसानी से देखी जा सकेगी, लेकिन बेहतर अनुभव के लिए टेलीस्कोप या दूरबीन का इस्तेमाल किया जा सकता है।