Patna में NEET प्रोटेस्ट का असर, जाम और बवाल से व्यापारियों को 15 करोड़ का नुकसान

Bihar/Patna : पटना में NEET पेपर लीक को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन ने शहर की रफ्तार रोक दी। 22 और 23 जुलाई को हुए इस बवाल के कारण बाजारों में भारी जाम लगा रहा, जिससे स्थानीय व्यापारियों को करीब 15 करोड़ रुपये का आर्थिक झटका

Bihar/Patna : पटना में NEET पेपर लीक को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन ने शहर की रफ्तार रोक दी। 22 और 23 जुलाई को हुए इस बवाल के कारण बाजारों में भारी जाम लगा रहा, जिससे स्थानीय व्यापारियों को करीब 15 करोड़ रुपये का आर्थिक झटका लगा है।

छात्रों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan के इस्तीफे की मांग को लेकर सड़क पर प्रदर्शन किया। इस दौरान AISA से जुड़े छात्रों और पुलिस के बीच हिंसक झड़पें हुईं। भीड़ को हटाने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया और वॉटर कैनन व आंसू गैस के गोलों का इस्तेमाल किया। इस टकराव में 22 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं और पुलिस ने कई छात्रों को हिरासत में लिया है। एसएसपी Kartikeya K Sharma ने बताया कि मामले में 15 से ज्यादा FIR दर्ज की जा रही हैं।

प्रदर्शन के दौरान कुछ अजीब नजारे भी देखने को मिले। वायरल वीडियो में छात्र गर्मी की वजह से पुलिस से वॉटर कैनन चलाने की मांग करते और नाचते नजर आए। वहीं कुछ छात्रों ने पुलिस के बैरिकेड और गेट तक उखाड़ दिए। इस हंगामे की वजह से शहर के मुख्य व्यापारिक इलाकों में ग्राहकों की भीड़ कम हो गई और कई दुकानदारों को समय से पहले शटर गिराने पड़े। बिहार स्टेट व्यवसायिक संघ के अध्यक्ष Ajay Gupta ने कहा कि सड़क जाम होने से व्यापार पर बुरा असर पड़ता है और आम जनता को परेशानी होती है।

इस मुद्दे की गूंज बिहार विधानसभा में भी सुनाई दी। RJD MLC सुनील कुमार सिंह ने छात्रों पर हुए पुलिसिया एक्शन को बर्बर बताया, जिसके बाद विपक्षी सदस्यों ने सदन से वॉकआउट किया। वहीं बीजेपी नेताओं ने इसे विपक्ष की साजिश बताया। प्रदर्शन के दौरान एक बीजेपी नेता के साथ मारपीट हुई और विधायक Vinay Bihari की गाड़ी पर हमला किया गया।