Maharashtra: नवी मुंबई के वाशी इलाके की एक 48 साल की महिला को डॉक्टरों ने मौत के मुंह से बाहर निकाल लिया है। कार्डियक अरेस्ट के बाद महिला का दिल करीब 50 मिनट तक नहीं धड़का था, लेकिन NewEra Hospital के डॉक्टरों की मेहनत स
Maharashtra: नवी मुंबई के वाशी इलाके की एक 48 साल की महिला को डॉक्टरों ने मौत के मुंह से बाहर निकाल लिया है। कार्डियक अरेस्ट के बाद महिला का दिल करीब 50 मिनट तक नहीं धड़का था, लेकिन NewEra Hospital के डॉक्टरों की मेहनत से उन्हें नई जिंदगी मिली है।
क्या हुआ था उस दिन और कैसे बचाई गई जान
यह घटना 19 मई 2026 की है। महिला को सीने में दर्द की शिकायत थी, जिसके बाद उन्हें तुरंत अस्पताल के इमरजेंसी विभाग में लाया गया। वहां उनकी हालत तेजी से बिगड़ी और उन्हें अचानक कार्डियक अरेस्ट आ गया। करीब 50 मिनट तक उनका दिल बंद रहा, लेकिन मेडिकल टीम ने हार नहीं मानी और लगातार CPR दिया। इसके बाद उनकी एंजियोप्लास्टी की गई, जिससे वह फिर से जीवित हो गईं।
किस टीम ने किया यह सफल इलाज
इस जीवन रक्षक इलाज का नेतृत्व NewEra Hospital के कंसल्टेंट कार्डियोलॉजिस्ट Dr. Gaurav Surana और उनकी टीम ने किया। डॉक्टरों की तत्परता और सही समय पर किए गए प्रोसीजर की वजह से महिला की जान बच सकी। अस्पताल प्रशासन ने इसे एक बड़ा मेडिकल चमत्कार बताया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
महिला का दिल कितनी देर तक बंद था?
नवी मुंबई की इस 48 वर्षीय महिला का दिल कार्डियक अरेस्ट के बाद करीब 50 मिनट तक बंद रहा था।
महिला का इलाज किस अस्पताल में हुआ?
महिला का इलाज नवी मुंबई के NewEra Hospital में हुआ, जहां Dr. Gaurav Surana की टीम ने उन्हें बचाया।