Navi Mumbai के 3 रेलवे स्टेशन अब Central Railway के हवाले, यात्रियों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
Maharashtra: नवी मुंबई के यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। CIDCO ने अपने अधीन आने वाले तीन प्रमुख रेलवे स्टेशनों का मैनेजमेंट अब Central Railway को सौंप दिया है। इस कदम से स्टेशनों की हालत सुधरेगी और यात्रियों को
Maharashtra: नवी मुंबई के यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। CIDCO ने अपने अधीन आने वाले तीन प्रमुख रेलवे स्टेशनों का मैनेजमेंट अब Central Railway को सौंप दिया है। इस कदम से स्टेशनों की हालत सुधरेगी और यात्रियों को सफर के दौरान बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
सोमवार, 22 जून 2026 को एक औपचारिक प्रक्रिया के तहत तरघर (Targhar), बामन्दोन्गरी (Bamandongari) और खारकोपार (Kharkopar) स्टेशनों को Central Railway को ट्रांसफर कर दिया गया। यह फैसला 15 मई 2026 को हुई एक हाई-लेवल मीटिंग के बाद लिया गया था, जिसमें ठाणे सांसद नरेश म्हास्के और रेलवे व CIDCO के बड़े अधिकारी शामिल थे। दोनों संस्थाओं के बीच एक MoU साइन किया गया है, जिसके बाद अब इन स्टेशनों के संचालन और रखरखाव की पूरी जिम्मेदारी रेलवे की होगी।
इस ट्रांसफर के दायरे में आने वाली मुख्य चीजें इस प्रकार हैं:
- स्टेशन की मुख्य बिल्डिंग और सामने का हिस्सा (Forecourts)
- यात्रियों के लिए पार्किंग की सुविधा
- इलेक्ट्रिकल सबस्टेशन और टेलीकॉम सिस्टम
- स्टेशन का पूरा बुनियादी ढांचा (Infrastructure)
दरअसल, नवी मुंबई के कई स्टेशनों पर रखरखाव की कमी और सुविधाओं के अभाव को लेकर यात्री लंबे समय से शिकायत कर रहे थे। वाशी से बेलापुर तक के स्टेशनों का मेंटेनेंस एग्रीमेंट 2003 में और खारघर से खांडेश्वर तक का 2008 में ही खत्म हो गया था। बामन्दोन्गरी और खारकोपार जैसे स्टेशनों के लिए तो कोई औपचारिक समझौता था ही नहीं, जिसकी वजह से वहां व्यवस्थाएं खराब हो रही थीं।
CIDCO के वाइस चेयरमैन और एमडी अश्विन मुद्गल ने बताया कि इस बदलाव से स्टेशनों का मैनेजमेंट ज्यादा बेहतर होगा और यात्रियों को आसानी होगी। वहीं, सांसद नरेश म्हास्के ने कहा कि नवी मुंबई के तेजी से बढ़ते शहरीकरण को देखते हुए यह कदम बहुत जरूरी था। उन्होंने यह भी साफ किया कि बाकी बचे हुए स्टेशनों को भी अगले छह महीनों के भीतर अलग-अलग चरणों में Central Railway को सौंप दिया जाएगा। रेलवे मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भी पहले ही अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि स्टेशनों की बदहाली को दूर कर यात्री सुविधाओं को बढ़ाया जाए।