Bihar: मुजफ्फरपुर के अहियापुर इलाके में आवारा कुत्तों ने एक मासूम की जान ले ली। अब्दुल नगर उर्फ माधोपुर में डेढ़ साल की बच्ची रूप मनी कुमारी घर के बाहर खेल रही थी, तभी चार कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया। कुत्ते बच
Bihar: मुजफ्फरपुर के अहियापुर इलाके में आवारा कुत्तों ने एक मासूम की जान ले ली। अब्दुल नगर उर्फ माधोपुर में डेढ़ साल की बच्ची रूप मनी कुमारी घर के बाहर खेल रही थी, तभी चार कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया। कुत्ते बच्ची को करीब 50 मीटर तक घसीटते रहे, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद गांव में मातम है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
क्या थी पूरी घटना और अब क्या स्थिति है
मृतक बच्ची रूप मनी कुमारी के पिता मुकेश साहनी हैं। घटना इतनी भयानक थी कि परिजनों ने बिना पोस्टमार्टम कराए ही बच्ची का अंतिम संस्कार कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में कुत्तों का आतंक काफी समय से है। ये कुत्ते पहले भी कई बच्चों पर हमला कर चुके हैं और बकरियों को भी मार चुके हैं। अब इस घटना के बाद लोगों में प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश है और वे सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
मुजफ्फरपुर में कुत्तों के हमले और प्रशासन की तैयारी
मुजफ्फरपुर के अलग-अलग इलाकों से पिछले कुछ दिनों में कई डराने वाली खबरें आई हैं। अप्रैल 2026 के शुरुआती दिनों में सरैया और बोचहन इलाकों में भी कुत्तों ने कई लोगों को घायल किया था। प्रशासन और नगर निगम ने नसबंदी और कुत्तों को पकड़ने की कोशिशें की थीं, लेकिन ये पूरी तरह सफल नहीं रहीं। सरकारी अस्पतालों में एंटी-रेबीज वैक्सीन की कमी के कारण लोगों को निजी क्लीनिक से महंगे इंजेक्शन लगवाने पड़ रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश और बचाव के तरीके
कुत्तों के बढ़ते हमलों को देखते हुए Supreme Court ने नवंबर 2025 में राज्यों को निर्देश दिया था कि स्कूल, अस्पताल और बस स्टैंड जैसी सार्वजनिक जगहों से आवारा कुत्तों को हटाकर शेल्टर होम भेजा जाए। विशेषज्ञों का कहना है कि गर्मी बढ़ने पर कुत्तों का व्यवहार ज्यादा आक्रामक हो जाता है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे कुत्तों को उकसाने वाली हरकतें न करें और प्रशासन द्वारा जारी हेल्पलाइन नंबरों का उपयोग करें।