UP: मुजफ्फरनगर में भारतीय मजदूर संघ (BMS) ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। संगठन ने गुरुवार को जिलाधिकारी के जरिए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा और चेतावनी दी कि अगर उनकी समस्याएं हल नहीं हुईं, तो हज
UP: मुजफ्फरनगर में भारतीय मजदूर संघ (BMS) ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। संगठन ने गुरुवार को जिलाधिकारी के जरिए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा और चेतावनी दी कि अगर उनकी समस्याएं हल नहीं हुईं, तो हजारों की संख्या में कर्मचारी लखनऊ का घेराव करेंगे। यह विरोध प्रदर्शन संविदा कर्मियों, आउटसोर्स कर्मचारियों और असंगठित क्षेत्र के मजदूरों की बदहाली को लेकर किया गया है।
मजदूर संघ की मुख्य मांगें क्या हैं?
भारतीय मजदूर संघ ने जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार से कई जरूरी मांगें की हैं। संगठन चाहता है कि मुजफ्फरनगर जनपद में एक कर्मचारी राज्य बीमा (ESI) अस्पताल की स्थापना की जाए। इसके अलावा, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की लंबे समय से लंबित समस्याओं को जल्द सुलझाया जाए। संविदा और आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए बेहतर सुविधाओं और उनके वेतन में बढ़ोतरी की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई है।
ESI अस्पताल और अन्य विवादों का क्या है मामला?
ESI अस्पताल को लेकर पहले भी चर्चा रही है। दिसंबर 2024 में लोकसभा में दी गई जानकारी के मुताबिक, नए ESI अस्पताल के लिए 25 किमी के दायरे में बीमाकृत व्यक्तियों की संख्या देखी जाती है और तब तक यूपी सरकार से मुजफ्फरनगर के लिए कोई प्रस्ताव नहीं मिला था। वहीं, आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ता पिछले कई महीनों से मानदेय और राज्य कर्मचारी का दर्जा पाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इससे पहले मई 2026 में भी महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ ने आर्थिक शोषण के खिलाफ ज्ञापन सौंपा था।
क्या पहले भी ऐसी चेतावनी दी गई थी?
मजदूरों और कार्यकर्ताओं का यह गुस्सा पुराना है। अप्रैल 2026 की एक रिपोर्ट के अनुसार, 30 मई तक मांगें पूरी न होने पर 1 जून से अनिश्चितकालीन हड़ताल की बात कही गई थी। साथ ही, मार्च 2026 में चंद्रशेखर आजाद ने भी मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सरकारी दर्जा देने की मांग की थी। भारतीय मजदूर संघ अब जिला स्तर पर अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है और इसी कड़ी में मुजफ्फरनगर में यह विरोध प्रदर्शन हुआ है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
भारतीय मजदूर संघ ने मुजफ्फरनगर में क्या मांग की है?
संगठन ने जनपद में ESI अस्पताल की स्थापना, संविदा और आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि और आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की लंबित समस्याओं के समाधान की मांग की है।
यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो मजदूर संघ क्या करेगा?
भारतीय मजदूर संघ ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को स्वीकार नहीं किया, तो हजारों कर्मचारी लखनऊ जाकर सरकार का घेराव करेंगे।