Mumbai: IS मॉड्यूल केस में आरोपी जुल्फिकार की याचिका खारिज, कोर्ट ने कहा- सबूत तो बस शुरुआत हैं

Maharashtra: मुंबई की एक स्पेशल NIA कोर्ट ने 2023 के पडघा IS मॉड्यूल केस के आरोपी जुल्फिकार अली बरोडवाला की डिस्चार्ज याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने माना कि रिकॉर्ड पर मौजूद सबूतों से यह साफ है कि आरोपी आतंकी साजिश

Maharashtra: मुंबई की एक स्पेशल NIA कोर्ट ने 2023 के पडघा IS मॉड्यूल केस के आरोपी जुल्फिकार अली बरोडवाला की डिस्चार्ज याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने माना कि रिकॉर्ड पर मौजूद सबूतों से यह साफ है कि आरोपी आतंकी साजिश में शामिल था। अब कोर्ट इस मामले में आरोपी के खिलाफ चार्ज फ्रेम करेगा।

कोर्ट ने अपनी टिप्पणी में कहा कि अब तक जो सबूत सामने आए हैं, वे तो सिर्फ एक बर्फ की चोटी (tip of an iceberg) की तरह हैं, यानी असली साजिश इससे कहीं ज्यादा बड़ी हो सकती है। जांच में पता चला है कि बरोडवाला के इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से फायरिंग और बम धमाकों के वीडियो मिले हैं, जिनमें IS का झंडा और आतंकियों के भाषण थे। आरोप है कि उसने कई मासूम मुस्लिम युवाओं को बहला-फुसलाकर कट्टरपंथी बनाया और उन्हें IED व बम बनाने की ट्रेनिंग के लिए पैसे दिए।

यह पूरा मामला ठाणे जिले के पडघा गांव से जुड़ा है, जिसे यह मॉड्यूल ‘अल शाम’ नाम का एक ‘लिबरेटेड जोन’ घोषित करना चाहता था। आरोपी युवाओं को वहां बसने के लिए उकसा रहा था। जांच एजेंसियों के मुताबिक, बरोडवाला विदेशी हैंडलर्स से संपर्क करने के लिए एनक्रिप्टेड मैसेजिंग और VPN का इस्तेमाल करता था।

इस केस में NIA के साथ-साथ ED भी जांच कर रही है। ED ने पाया कि इस मॉड्यूल के लोग रिजर्व फॉरेस्ट से खैर की लकड़ियों की तस्करी कर रहे थे ताकि आतंकी गतिविधियों के लिए पैसा जुटाया जा सके। दिसंबर 2025 में हुई छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में कैश, सोने के जेवर और बुलियन भी जब्त किए गए थे। अब तक इस दिल्ली-पडघा ISIS मॉड्यूल केस में कुल 21 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।