Mumbai में खुला मैनहोल बना मौत का जाल, भारी बारिश के बीच उसमें गिरने से मजदूर की मौत

Maharashtra/Mumbai: मुंबई के साकिनाका इलाके में भारी बारिश के दौरान एक दर्दनाक हादसा हुआ है। यहाँ एक 45 वर्षीय मजदूर खुले मैनहोल में गिर गया, जिससे उसकी जान चली गई। यह घटना उस समय हुई जब सड़कें पानी से भरी थीं और मजदूर क

Maharashtra/Mumbai: मुंबई के साकिनाका इलाके में भारी बारिश के दौरान एक दर्दनाक हादसा हुआ है। यहाँ एक 45 वर्षीय मजदूर खुले मैनहोल में गिर गया, जिससे उसकी जान चली गई। यह घटना उस समय हुई जब सड़कें पानी से भरी थीं और मजदूर को खुले मैनहोल का पता नहीं चला।

जानकारी के मुताबिक, मृतक की पहचान असलम इसाक शेख के रूप में हुई है। यह हादसा गुरुवार, 2 जुलाई 2026 को सुबह करीब 10:30 से 11:00 बजे के बीच अंधेरी ईस्ट के साकिनाका स्थित खैराणी रोड पर हुआ। बताया जा रहा है कि असलम मोबाइल फोन पर बात कर रहे थे और पानी भरने की वजह से उन्हें 25-30 फीट गहरा स्टॉर्म वॉटर ड्रेन नहीं दिखा और वह सीधे उसमें गिर गए। मौके पर मौजूद कुछ मजदूरों ने उन्हें बचाने की कोशिश की और सीढ़ी भी डाली, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज था कि केवल उनका छाता और चप्पल ही बाहर निकल पाए। करीब 3-4 घंटे की मशक्कत के बाद मुंबई फायर ब्रिगेड और पुलिस ने शव को बरामद किया और राजवाड़ी अस्पताल ले गए, जहाँ उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।

इस घटना के बाद BMC प्रशासन में हड़कंप मच गया है। BMC कमिश्नर अश्विनी भिडे ने लापरवाही बरतने वाले चार अधिकारियों को तुरंत सस्पेंड कर दिया है। सस्पेंड होने वालों में L वार्ड के असिस्टेंट कमिश्नर धनजी हर्लेकर, मेंटेनेंस विभाग के दीपक चौगुले, अभिजीत चौगुले और सीवरेज ऑपरेशंस विभाग के उत्तम पाटिल शामिल हैं। कमिश्नर ने इस मामले की जांच के लिए एक हाई लेवल कमेटी बनाई है, जिसे 7 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट देनी होगी। साथ ही मुंबई के सभी 26 प्रशासनिक वार्डों में अगले 8 दिनों के भीतर सभी मैनहोल की 100% सुरक्षा जांच करने का आदेश दिया गया है।

मुंबई की मेयर रितु तावड़े ने मृतक के परिवार के लिए 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया है। मेयर ने अधिकारियों से सवाल किया कि मानसून के दौरान मैनहोल का काम क्यों किया गया और इसे बारिश से पहले पूरा क्यों नहीं किया गया। प्रशासन का कहना है कि ठेकेदार ने वहां कोई साइनबोर्ड या बैरिकेडिंग नहीं लगाई थी, इसलिए अब ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने और उसके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने पर विचार किया जा रहा है।

इस हादसे को लेकर राजनीति भी तेज हो गई है। महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नारवेकर ने जिम्मेदार अधिकारियों पर गैर-इरादतन हत्या का केस चलाने की मांग की है। वहीं डिप्टी मेयर संजय घडी ने BMC चीफ के इस्तीफे की मांग की है और कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने मेयर और कमिश्नर के खिलाफ हत्या का FIR दर्ज करने की मांग उठाई है।