Mumbai में FDA की सख्ती से डरे रेस्टोरेंट मालिक, सफाई और मरम्मत के लिए खुद ही बंद कर रहे दुकानें
Maharashtra: मुंबई के रेस्टोरेंट और सरकारी कैंटीन इन दिनों खुद ही अपनी दुकानें बंद कर रहे हैं। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) की बढ़ती सख्ती के बाद होटल मालिक अपने यहां डीप क्लीनिंग और मरम्मत का काम करवा र
Maharashtra: मुंबई के रेस्टोरेंट और सरकारी कैंटीन इन दिनों खुद ही अपनी दुकानें बंद कर रहे हैं। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) की बढ़ती सख्ती के बाद होटल मालिक अपने यहां डीप क्लीनिंग और मरम्मत का काम करवा रहे हैं। कई रेस्टोरेंट्स ने अपनी टाइमिंग बदल ली है ताकि वे रात में सफाई कर सकें और दिन में बिजनेस चालू रख सकें।
Indian Hotel & Restaurant Association (AHAR) के मुताबिक उनके लगभग 50 प्रतिशत सदस्यों ने अपने रेस्टोरेंट्स में रिनोवेशन का काम शुरू कर दिया है। यह कदम FDA द्वारा लाइसेंस रद्द करने और निरीक्षण के दौरान ली गई तस्वीरों और वीडियो को सार्वजनिक करने के डर से उठाया गया है।
FDA कमिश्नर Tukaram Mundhe के नेतृत्व में यह अभियान पूरे राज्य में चलाया जा रहा है। इसका मुख्य मकसद मिलावटखोरी रोकना और साफ-सफाई सुनिश्चित करना है। अगस्त के पहले हफ्ते में महाराष्ट्र भर के 63 होटलों और ढाबों की जांच हुई थी, जिसमें 38 को सुधार नोटिस दिए गए और 7 के लाइसेंस निलंबित किए गए। मुंबई में भी 21 दुकानों की जांच हुई, जिसमें 13 को नोटिस मिला और 4 के लाइसेंस रद्द हुए।
जांच के दौरान ज्यादातर जगहों पर कीड़े-मकोड़ों का मिलना, गंदगी, खराब तरीके से कचरा फेंकना और पुराने जंग लगे बर्तनों का इस्तेमाल पाया गया। AHAR के अध्यक्ष Vijay Shetty ने बताया कि इस कार्रवाई से रेस्टोरेंट मालिकों को काफी आर्थिक नुकसान और मानसिक तनाव झेलना पड़ा है। अब कई मालिक कागजी कार्रवाई और मैनेजमेंट को सही करने के लिए पूर्व FDA और FSSAI कर्मचारियों को प्राइवेट ऑडिटर के तौर पर रख रहे हैं।
इस कार्रवाई की जद में सरकारी कैंटीन भी आए हैं। बॉम्बे हाई कोर्ट और MMRDA ऑफिस की कैंटीन में भी जांच हुई, जहां बिना जरूरी लाइसेंस के काम चलाने पर एक्शन लिया गया। वहीं, FDA कमिश्नर ने किसी भी तरह के भेदभाव के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वे केवल जनस्वास्थ्य को खतरे में डालने वाली जगहों पर कार्रवाई कर रहे हैं।