Mumbai में NEET विवाद पर बवाल, 900 लोगों पर FIR, कई छात्र हिरासत में
Maharashtra: मुंबई में NEET परीक्षा की गड़बड़ियों को लेकर विरोध प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। विपक्षी पार्टियों और स्थानीय लोगों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan के इस्तीफे की मांग की। प्रदर्शनकारी दिल्ली म
Maharashtra: मुंबई में NEET परीक्षा की गड़बड़ियों को लेकर विरोध प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। विपक्षी पार्टियों और स्थानीय लोगों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan के इस्तीफे की मांग की। प्रदर्शनकारी दिल्ली में CJP के मार्च पर हुई पुलिस कार्रवाई के खिलाफ भी नाराजगी जता रहे थे।
मुंबई पुलिस ने शांति बनाए रखने के लिए 20 जुलाई को निषेधाज्ञा (prohibitory orders) जारी की थी। यह आदेश 23 जुलाई से 6 अगस्त 2026 तक लागू रहेगा, जिसके तहत बिना अनुमति पांच या उससे ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने और लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर रोक लगा दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर में शांति भंग होने और जान-माल के नुकसान का खतरा था, इसलिए यह कदम उठाया गया।
पुलिस ने शिवाजी पार्क और चैत्यभूमि जैसे इलाकों में बिना अनुमति प्रदर्शन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। अब तक कम से कम 8 FIR दर्ज की गई हैं, जिनमें 800 से 900 लोगों को नामजद किया गया है। इनमें ज्यादातर छात्र शामिल हैं। चेंबूर इलाके में भी तनाव देखा गया जब प्रदर्शनकारियों ने ईस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे को जाम करने की कोशिश की।
Shiv Sena (UBT) नेता Aaditya Thackeray ने कहा कि छात्रों और कार्यकर्ताओं पर FIR दर्ज की जा रही है और करीब 100 लोगों को हिरासत में लिया गया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पार्टी प्रभावित लोगों को कानूनी मदद देगी। वहीं MNS ने शिवाजी पार्क में और Sena-UBT ने डोंगरी इलाके में अलग-अलग प्रदर्शन किए।
हिरासत में लिए गए कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर मारपीट के आरोप लगाए हैं, जबकि CJP ने सोशल मीडिया पर शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी पर सवाल उठाए हैं। दूसरी तरफ, केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan ने इन प्रदर्शनों पर सीधा जवाब देने के बजाय कांग्रेस पर छात्रों को राजनीतिक मोहरा बनाने का आरोप लगाया। पुलिस ने दक्षिण मुंबई और आजाद मैदान के पास सुरक्षा बढ़ा दी है और कई कार्यकर्ताओं को नोटिस जारी कर बुलाया गया है।