Maharashtra: मुंबई के गोरेगांव (वेस्ट) इलाके के लोगों के लिए एक अच्छी खबर आई है। राम मंदिर मार्ग और रिलीफ रोड के बीच Mrinaltai Gore फ्लाईओवर के विस्तार का काम पूरा हो गया है। शनिवार सुबह मेयर Ritu Tawde ने इसका उद्घाटन क
Maharashtra: मुंबई के गोरेगांव (वेस्ट) इलाके के लोगों के लिए एक अच्छी खबर आई है। राम मंदिर मार्ग और रिलीफ रोड के बीच Mrinaltai Gore फ्लाईओवर के विस्तार का काम पूरा हो गया है। शनिवार सुबह मेयर Ritu Tawde ने इसका उद्घाटन किया और शाम तक इसे आम जनता के लिए खोल दिया गया। इस नए विस्तार से अब लोगों को ट्रैफिक जाम से बड़ी राहत मिलेगी।
फ्लाईओवर से सफर में कितना समय बचेगा
मेयर Ritu Tawde के मुताबिक, इस विस्तार के बाद यात्रा का समय 45 मिनट से घटकर अब सिर्फ 10 मिनट रह जाएगा। कुछ रिपोर्ट्स में यह समय 5 से 15 मिनट के बीच बताया गया है। यह 750 मीटर लंबा और चार लेन का फ्लाईओवर है, जो Western Express Highway (गोरेगांव ईस्ट), रिलीफ रोड और राम मंदिर जंक्शन को सीधे जोड़ता है। इससे वाहन चलाने वालों को तीन बड़े ट्रैफिक सिग्नल पार नहीं करने पड़ेंगे और SV Road पर जाम कम होगा।
लागत में बढ़ोतरी और देरी की वजह
इस प्रोजेक्ट को 2018 में मंजूरी मिली थी और काम मार्च 2019 में शुरू हुआ था। शुरुआत में इसका खर्च 209 करोड़ रुपये तय किया गया था, जो बढ़कर करीब 248 करोड़ रुपये हो गया। BMC ने देरी की वजह घनी आबादी वाले इलाके में ट्रैफिक परमिशन मिलने में दिक्कत, केवल रात में काम करना और कोविड-19 के दौरान मजदूरों की कमी को बताया है। साथ ही, स्थानीय लोगों की मांग पर श्मशान घाटों तक पहुंच आसान बनाने के लिए एक अतिरिक्त अंडरपास बनाया गया, जिससे लागत बढ़ी।
सड़क की क्वालिटी पर उठे सवाल
फ्लाईओवर के खुलने के साथ ही कुछ राजनीतिक नेताओं ने इसकी गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं। मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष Varsha Gaikwad और शिवसेना (UBT) विधायक Aaditya Thackeray ने सोशल मीडिया पर कहा कि सड़क की फिनिशिंग खराब है और जगह-जगह पैचवर्क नजर आ रहा है। दूसरी तरफ, मेयर ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि भविष्य के प्रोजेक्ट्स तय समय और बजट के अंदर पूरे हों ताकि टैक्स देने वाले लोगों पर बोझ न पड़े।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Mrinaltai Gore फ्लाईओवर विस्तार से किन रास्तों को फायदा होगा
यह फ्लाईओवर Western Express Highway (गोरेगांव ईस्ट), रिलीफ रोड और राम मंदिर जंक्शन को सीधे जोड़ता है, जिससे SV Road पर ट्रैफिक कम होगा।
प्रोजेक्ट की कुल लागत कितनी रही और इसमें देरी क्यों हुई
प्रोजेक्ट की लागत 209 करोड़ से बढ़कर 248 करोड़ रुपये हो गई। देरी का मुख्य कारण ट्रैफिक परमिशन, कोविड-19 और डिजाइन में बदलाव (अतिरिक्त अंडरपास का निर्माण) था।