Maharashtra : मुंबई के गोरेगांव इलाके में रहने वालों के लिए एक बड़ी खबर आई है। MHADA ने मोतीलाल नगर के पुनर्विकास (Redevelopment) के लिए मास्टर प्लान जारी कर दिया है। करीब 143 एकड़ में फैली इस परियोजना को भारत के सबसे बड
Maharashtra : मुंबई के गोरेगांव इलाके में रहने वालों के लिए एक बड़ी खबर आई है। MHADA ने मोतीलाल नगर के पुनर्विकास (Redevelopment) के लिए मास्टर प्लान जारी कर दिया है। करीब 143 एकड़ में फैली इस परियोजना को भारत के सबसे बड़े शहरी नवीनीकरण प्रोजेक्ट्स में से एक माना जा रहा है। इस काम के लिए Adani Group के साथ साझेदारी की गई है, जिससे इलाके की पूरी सूरत बदल जाएगी।
किसे क्या मिलेगा और कितना होगा निवेश
इस प्रोजेक्ट में Adani Group की कंपनी Estatevue Developers Pvt Ltd करीब 1 लाख करोड़ रुपये का निवेश करेगी। इसमें से 36,000 करोड़ रुपये सिर्फ लोगों के पुनर्वास (Rehabilitation) के लिए रखे गए हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने निवासियों की मांग पर पुनर्वास यूनिट्स के लिए 1,600 वर्ग फुट का कारपेट एरिया देने की मंजूरी दी है।
| लाभार्थी |
मिलने वाली जगह/सुविधा |
संख्या |
| आवासीय लाभार्थी |
1,600 sq ft फ्लैट (मुफ्त) |
3,702 |
| व्यावसायिक निवासी |
987 sq ft कमर्शियल यूनिट |
328 |
| झुग्गी निवासी (SRA) |
300 sq ft घर |
1,600 |
| Adani Group |
17 लाख sq m फ्री-सेल एरिया |
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क्या है 15-Minute City का कॉन्सेप्ट और नियम
इस प्रोजेक्ट का सबसे खास हिस्सा ’15-मिनट सिटी’ का आइडिया है। इसका मतलब है कि स्कूल, क्लिनिक, अस्पताल, बाजार और पार्क जैसी जरूरी सुविधाएं घर से 15 मिनट की दूरी पर होंगी। प्लान में 15 एकड़ का हरा-भरा क्षेत्र भी शामिल है। इस प्रोजेक्ट के बाद यहां रहने वाले परिवारों की संख्या 5,000 से बढ़कर करीब 25,000 हो जाएगी।
प्रोजेक्ट की समय सीमा और मालिकाना हक
यह पूरा प्रोजेक्ट Construction and Development (C&DA) मॉडल पर आधारित है। जमीन का पूरा मालिकाना हक और कंट्रोल MHADA के पास ही रहेगा। Adani Group केवल निर्माण एजेंसी के रूप में काम करेगी और बिना MHADA की मंजूरी के कोई फंड नहीं जुटा पाएगी। अधिकारियों के मुताबिक, ऑक्यूपेशन सर्टिफिकेट मिलने के बाद निर्माण कार्य को 7 साल के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।