Maharashtra: मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन (MMR) आने वाले सालों में राज्य की आर्थिक तरक्की का मुख्य केंद्र बनेगा। सांसद Shrikant Shinde ने बताया कि बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स और हाउसिंग स्कीम के जरिए 2047 तक MMR महाराष्ट
Maharashtra: मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन (MMR) आने वाले सालों में राज्य की आर्थिक तरक्की का मुख्य केंद्र बनेगा। सांसद Shrikant Shinde ने बताया कि बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स और हाउसिंग स्कीम के जरिए 2047 तक MMR महाराष्ट्र की अर्थव्यवस्था में 1.7 लाख करोड़ रुपये का योगदान देगा। सरकार का लक्ष्य राज्य को 6 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनाना है ताकि ‘विकसित भारत’ के सपने को पूरा किया जा सके।
MMR में क्या बड़े बदलाव आएंगे और कैसे होगा विकास
मुंबई और उसके आसपास के इलाकों को बेहतर बनाने के लिए सरकार कई स्तरों पर काम कर रही है। इसमें सबसे बड़ा जोर विकेंद्रीकरण (Decentralisation) पर है, ताकि केवल मुंबई शहर पर दबाव न रहे। इसके लिए कल्याण, डोंबिवली, अंबरनाथ, उल्हासनगर और नवी मुंबई जैसे शहरों में रोजगार और ट्रांसपोर्ट की सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। साथ ही, नवी मुंबई में डेटा सेंटर और लॉजिस्टिक्स हब के साथ-साथ पालघर में 76,000 करोड़ रुपये की लागत से Vadhavan Port बनाया जाएगा, जिससे नौकरी के नए मौके मिलेंगे।
मेट्रो नेटवर्क और घर देने की क्या है योजना
आने वाले समय में लोगों के सफर और रहने की व्यवस्था को सुधारने के लिए सरकार ने बड़े लक्ष्य रखे हैं। मेट्रो और हाउसिंग से जुड़ी मुख्य जानकारी नीचे दी गई है:
| क्षेत्र |
लक्ष्य और विवरण |
| मेट्रो नेटवर्क |
2030 तक 450 किमी का नेटवर्क, वर्तमान में 377 किमी का काम चल रहा है |
| मेट्रो निवेश |
कुल 1.25 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश |
| झुग्गी पुनर्वास |
2030 तक 5 लाख घर, जिनमें से 2.97 लाख घर दिए जा चुके हैं |
| वाटर मेट्रो |
2028 तक नरीमन पॉइंट, वर्सोवा और बांद्रा को जोड़ने वाली सेवा शुरू होगी |
| रोजगार |
FY23 के 1 करोड़ से बढ़कर 2047 तक 2 करोड़ नौकरियां होने का अनुमान |
| जनसंख्या |
2023 के 2.58 करोड़ से बढ़कर 2047 तक 3.8 करोड़ तक पहुंचने की उम्मीद |
पर्यावरण और सस्टेनेबिलिटी के लिए क्या लक्ष्य हैं
विकास के साथ-साथ पर्यावरण का भी ध्यान रखा जाएगा। MMR का लक्ष्य है कि 2047 तक नेट-जीरो एमिशन (Net-Zero Emissions) हासिल किया जाए। इसके लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट का 90% हिस्सा बिजली से चलने वाला होगा और 70% ऊर्जा रिन्यूएबल सोर्स से ली जाएगी। इसके अलावा, शहर में 30 से 40% पानी को रिसाइकिल करने का प्लान भी तैयार किया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
MMR के जरिए महाराष्ट्र की अर्थव्यवस्था में कितना योगदान आने की उम्मीद है
सांसद Shrikant Shinde के अनुसार, बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर और हाउसिंग प्रोजेक्ट्स के जरिए 2047 तक MMR महाराष्ट्र की अर्थव्यवस्था में 1.7 लाख करोड़ रुपये का योगदान देगा।
मुंबई मेट्रो और वाटर मेट्रो को लेकर क्या योजना है
मुंबई में 2030 तक 450 किमी का मेट्रो नेटवर्क बनाने का लक्ष्य है। इसके अलावा, 2028 तक वाटर मेट्रो सेवा शुरू होगी जो नरीमन पॉइंट, वर्सोवा और बांद्रा जैसे इलाकों को जोड़ेगी।