Maharashtra : मुंबई में बढ़ते प्रदूषण और हवा की खराब क्वालिटी की वजह से अब लोग शहर की भीड़भाड़ छोड़कर बाहर की तरफ शिफ्ट हो रहे हैं। लोग अब ऐसी जगह घर तलाश रहे हैं जहाँ खुली हवा और हरियाली हो। इस वजह से शहर के बाहरी इलाको
Maharashtra : मुंबई में बढ़ते प्रदूषण और हवा की खराब क्वालिटी की वजह से अब लोग शहर की भीड़भाड़ छोड़कर बाहर की तरफ शिफ्ट हो रहे हैं। लोग अब ऐसी जगह घर तलाश रहे हैं जहाँ खुली हवा और हरियाली हो। इस वजह से शहर के बाहरी इलाकों में रिहायशी मकानों की मांग तेजी से बढ़ी है और रियल एस्टेट मार्केट का चेहरा बदल रहा है।
इन इलाकों में क्यों बढ़ रही है डिमांड
करजत, नेरल, पनवेल और खोपोली जैसे इलाके जो पहले सिर्फ वीकेंड पर घूमने के लिए जाने जाते थे, अब वहां लोग रहने के लिए घर खरीद रहे हैं। ORA Land की उन्नति वर्मा और NAREDCO रायगढ़ के गौतम Thacker के मुताबिक, लोग अब सेहत, बेहतर कनेक्टिविटी और खुले मैदानों को ज्यादा अहमियत दे रहे हैं। MTHL जैसे प्रोजेक्ट्स और बेहतर सड़कों की वजह से अब इन इलाकों से शहर पहुंचना आसान हो गया है, जिससे ये जगहें रहने के लिए सही विकल्प बन गई हैं।
हवा की क्वालिटी और सरकारी सख्ती
सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के Sameer App के मुताबिक 11 मई 2026 को मुंबई की हवा ‘संतोषजनक’ रही, लेकिन बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स और बोरीवली जैसे इलाकों में यह ‘मध्यम’ स्तर पर थी। साल 2026 की शुरुआत में प्रदूषण काफी बढ़ा था, जिसके बाद महाराष्ट्र सरकार ने सख्त कदम उठाए। अक्टूबर 2025 से जनवरी 2026 के बीच नियमों का पालन न करने वाले 1,000 से ज्यादा कंस्ट्रक्शन साइट्स को काम रोकने का नोटिस दिया गया। बीएमसी ने धूल रोकने के लिए 28 पॉइंट गाइडलाइंस लागू की हैं और नियमों को तोड़ने वालों पर नजर रखने के लिए फ्लाइंग स्क्वाड तैनात किए हैं।
राजनीति और ऑफिस स्पेस पर असर
आने वाले बीएमसी चुनाव में हवा की क्वालिटी एक बड़ा मुद्दा बन गया है। महायुति ने 17,000 करोड़ रुपये का पर्यावरण प्लान वादा किया है, वहीं शिवसेना (UBT) और NCP (SP) ने कंस्ट्रक्शन एनवायरमेंट मैनेजमेंट प्लान का प्रस्ताव रखा है। इसका असर अब ऑफिसों पर भी दिख रहा है। Superb Realty जैसी कंपनियों ने अब ऐसे कमर्शियल प्रोजेक्ट्स शुरू किए हैं जिनमें हवा की क्वालिटी को ट्रैक करने वाले सेंसर लगे हैं, ताकि कर्मचारियों की सेहत का ख्याल रखा जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मुंबई के कौन से बाहरी इलाकों में घरों की मांग बढ़ी है?
बेहतर हवा और कनेक्टिविटी की वजह से करजत, नेरल, पनवेल और खोपोली जैसे इलाकों में लोग अब घर और सेकंड होम खरीद रहे हैं।
प्रदूषण रोकने के लिए बीएमसी ने क्या कदम उठाए हैं?
बीएमसी ने धूल नियंत्रण के लिए 28-पॉइंट गाइडलाइंस जारी की हैं और 1,000 से ज्यादा निर्माण स्थलों को नियमों के उल्लंघन पर स्टॉप-वर्क नोटिस जारी किए हैं।