Maharashtra: मुंबई के एक CEO ने अपनी जिंदगी से कुछ समय के लिए तकनीक को पूरी तरह हटा दिया। Sridharan नाम के इस अधिकारी ने 16 दिनों का डिजिटल डिटॉक्स किया, जिसका मकसद पेशेवर तनाव से दूर रहना था। उन्होंने अपने अनुभव को Link
Maharashtra: मुंबई के एक CEO ने अपनी जिंदगी से कुछ समय के लिए तकनीक को पूरी तरह हटा दिया। Sridharan नाम के इस अधिकारी ने 16 दिनों का डिजिटल डिटॉक्स किया, जिसका मकसद पेशेवर तनाव से दूर रहना था। उन्होंने अपने अनुभव को LinkedIn पर साझा किया और बताया कि उनके बिना भी ऑफिस का काम प्रभावित नहीं हुआ।
Sridharan ने किन चीजों से बनाई दूरी?
Sridharan ने इस ब्रेक के दौरान उन सभी चीजों को बंद कर दिया जो उन्हें काम की याद दिलाती थीं। उन्होंने इन चीजों का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं किया:
- ईमेल का जवाब देना बंद किया
- फोन कॉल्स नहीं उठाए
- WhatsApp पर कोई बातचीत नहीं की
- सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं किया
- खबरें पढ़ना और देखना बंद कर दिया
डिजिटल डिटॉक्स का क्या रहा असर?
16 दिनों के इस ब्रेक के बाद जब Sridharan वापस आए, तो उन्हें एक बड़ी बात समझ आई। उन्होंने बताया कि उनकी अनुपस्थिति से काम पर कोई खास फर्क नहीं पड़ा। अक्सर लोगों को लगता है कि उनके बिना ऑफिस या बिजनेस रुक जाएगा, लेकिन उनके अनुभव ने इस सोच को बदल दिया। उन्होंने जानबूझकर खुद को प्रोफेशनल मोड से दूर रखा ताकि मानसिक शांति मिल सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
डिजिटल डिटॉक्स के दौरान CEO ने क्या-क्या बंद किया?
Sridharan ने 16 दिनों तक ईमेल, फोन कॉल, WhatsApp, सोशल मीडिया और न्यूज देखना पूरी तरह बंद कर दिया था।
इस अनुभव से CEO ने क्या सीखा?
उन्होंने महसूस किया कि 16 दिन तक उनकी गैर-मौजूदगी के बावजूद काम पर कोई फर्क नहीं पड़ा और ऑफिस सुचारू रूप से चलता रहा।