Maharashtra: मुंबई में मानसून की तैयारी के लिए BMC ने बड़े पैमाने पर पेड़ों की छंटाई शुरू की है। शहर में कुल 46,336 पेड़ों को ट्रिम किया जाना है, ताकि बारिश और तेज हवाओं के दौरान हादसे न हों। हालांकि, भीषण गर्मी और हीटवे
Maharashtra: मुंबई में मानसून की तैयारी के लिए BMC ने बड़े पैमाने पर पेड़ों की छंटाई शुरू की है। शहर में कुल 46,336 पेड़ों को ट्रिम किया जाना है, ताकि बारिश और तेज हवाओं के दौरान हादसे न हों। हालांकि, भीषण गर्मी और हीटवेव के बीच इस कदम को लेकर पर्यावरण विशेषज्ञों ने चिंता जताई है।
BMC ने अब तक कितने पेड़ काटे और क्या है लक्ष्य
BMC ने 31 मई तक का समय तय किया है ताकि मानसून से पहले काम पूरा हो सके। अब तक की प्रगति इस प्रकार है:
| विवरण |
संख्या |
| कुल लक्षित पेड़ |
46,336 |
| अब तक छंटाई किए गए पेड़ |
12,561 |
| बाकी बचे पेड़ |
33,775 |
| हटाए गए खतरनाक पेड़ |
279 |
| हटाए जाने वाले शेष पेड़ |
46 |
पेड़ों की छंटाई क्यों की जा रही है
नगर निकाय का कहना है कि यह सुरक्षा के लिहाज से जरूरी है। पिछले सालों में मानसून के दौरान पेड़ों की टहनियां गिरने से कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। उदाहरण के लिए, पिछले साल Vikhroli में एक पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की मौत हुई थी। वहीं 2023 में Malad, Goregaon और Byculla में अलग-अलग हादसों में तीन लोगों की जान गई थी।
पर्यावरण विशेषज्ञों और IMD की चेतावनी
पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि हीटवेव के दौरान पेड़ों की छंटाई से शहर का तापमान और बढ़ेगा और हवा की क्वालिटी खराब होगी। IMD ने इस साल मुंबई के लिए मार्च में पांच हीटवेव अलर्ट जारी किए थे। साथ ही, 10 से 12 अप्रैल के बीच मुंबई का AQI 100 के पार चला गया था। जानकारों का कहना है कि पेड़ों की घनी छांव कम होने से हवा का बहाव धीमा होगा और गर्मी का असर ज्यादा होगा।