Maharashtra: मुंबई शहर में निर्माण कार्य से निकलने वाले मलबे (C&D Waste) को सड़कों या खाली प्लॉटों पर फेंकने वालों की अब खैर नहीं होगी। Brihanmumbai Municipal Corporation (BMC) इसके लिए एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म शुरू करन
Maharashtra: मुंबई शहर में निर्माण कार्य से निकलने वाले मलबे (C&D Waste) को सड़कों या खाली प्लॉटों पर फेंकने वालों की अब खैर नहीं होगी। Brihanmumbai Municipal Corporation (BMC) इसके लिए एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म शुरू करने जा रही है। इस सिस्टम से मलबे की आवाजाही पर नजर रखी जाएगी ताकि शहर को गंदगी से बचाया जा सके।
नया ऑनलाइन पोर्टल कैसे काम करेगा?
BMC ने इस पोर्टल को बनाने के लिए 23 अप्रैल 2026 को एक टेक्नोलॉजी पार्टनर के लिए टेंडर जारी किया है। इस सिस्टम के तहत बिल्डर्स और कॉन्ट्रैक्टर्स को BMC के पास रजिस्ट्रेशन कराना होगा। मलबे ले जाने वाले ट्रकों में GPS लगाया जाएगा, जिससे यह पता चलेगा कि मलबा सही जगह पहुंचा है या रास्ते में कहीं फेंक दिया गया है। ड्राइवर को मोबाइल ऐप के जरिए मलबा उठाने और उसे डंपिंग साइट पर छोड़ने की फोटो अपलोड करनी होगी।
नए नियम और जुर्माने का क्या प्रावधान है?
केंद्र सरकार के ‘Construction & Demolition Waste Management Rules, 2025’ के तहत 1 अप्रैल 2026 से नए नियम लागू हो गए हैं। अब निर्माण करने वालों की जिम्मेदारी होगी कि वे मलबे का सही निपटान करें और रिसाइक्लिंग के लक्ष्यों को पूरा करें। अगर कोई इन नियमों का उल्लंघन करता है या अवैध तरीके से मलबा फेंकता है, तो उस पर सख्त जुर्माना लगाया जाएगा।
मुंबई में मलबे की स्थिति और सुविधाएं क्या हैं?
मुंबई में हर दिन लगभग 8,000 से 8,500 मीट्रिक टन मलबा निकलता है, जो शहर के कुल ठोस कचरे के बराबर है। फिलहाल शहर में मलबे के निपटान के लिए ये व्यवस्थाएं हैं:
| सुविधा/प्लांट |
स्थान/विवरण |
| प्रोसेसिंग प्लांट 1 |
दहिसर (पश्चिमी उपनगर) |
| प्रोसेसिंग प्लांट 2 |
शिल्फाटा (पूर्वी उपनगर) |
| नया प्लांट |
देवनार में योजना है |
| नागरिक सुविधा |
‘Debris on Call’ सर्विस (MyBMC ऐप पर जल्द) |