Maharashtra: मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने सोमवार को बताया कि Mukhya Mantri Majhi Ladki Bahin Yojana से करीब 80 लाख लाभार्थियों के नाम हटा दिए गए हैं। राज्य सरकार ने दस्तावेजों की जांच की, जिसमें पाया गया कि कई लोग यो
Maharashtra: मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने सोमवार को बताया कि Mukhya Mantri Majhi Ladki Bahin Yojana से करीब 80 लाख लाभार्थियों के नाम हटा दिए गए हैं। राज्य सरकार ने दस्तावेजों की जांच की, जिसमें पाया गया कि कई लोग योजना की शर्तों को पूरा नहीं कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि यह कदम केवल नियमों के आधार पर उठाया गया है, न कि किसी वित्तीय संकट की वजह से।
किन्हें योजना से बाहर किया गया और क्यों?
सरकार ने अलग-अलग डेटाबेस की जांच के बाद अपात्र लोगों की पहचान की। इसमें ऐसे लोग शामिल थे जो योजना के नियमों के हिसाब से लाभ पाने के हकदार नहीं थे। अपात्र लाभार्थियों का विवरण नीचे दी गई टेबल में है:
| श्रेणी |
संख्या (लगभग) |
| इनकम टैक्स भरने वाले |
10 लाख |
| सरकारी कर्मचारी |
5 लाख |
| चार पहिया वाहन मालिक |
4 से 5 लाख |
| पुरुष लाभार्थी |
14,000 |
| 65 वर्ष से अधिक आयु |
4.5 लाख से ज्यादा |
| अन्य सरकारी योजनाओं के लाभार्थी |
5 लाख |
अब आगे क्या होगा और कौन से नियम हैं?
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी पात्र महिला को लाभ से वंचित नहीं रखा गया है। जिन महिलाओं का e-KYC अधूरा है, उन्हें दोबारा मौका दिया जाएगा। साथ ही, जिन लोगों ने गलती से लाभ ले लिया है, उनसे सरकार कोई वसूली नहीं करेगी। राजस्व मंत्री Chandrashekhar Bawankule ने बताया कि लाभार्थियों की एक बार फिर से जांच होगी ताकि कोई जरूरतमंद छूट न जाए।
इस योजना के लिए मुख्य शर्तें यह हैं कि महिला महाराष्ट्र की निवासी हो और उसकी उम्र 21 से 65 साल के बीच हो। परिवार की सालाना आय 2.5 लाख रुपये से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। इसके अलावा, परिवार में कोई सरकारी कर्मचारी, सांसद, विधायक या इनकम टैक्स भरने वाला व्यक्ति नहीं होना चाहिए।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लाड़की बहिन योजना से कितने लोग बाहर हुए हैं?
कुल 80 लाख लाभार्थियों को हटाया गया है। इस वजह से योजना में लाभार्थियों की संख्या 2.4 करोड़ से घटकर लगभग 1.7 करोड़ रह गई है।
क्या अपात्र पाए गए लोगों से पैसे वापस लिए जाएंगे?
नहीं, मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने स्पष्ट किया है कि जिन लोगों ने अपात्र होने के बावजूद लाभ प्राप्त किया है, उनसे कोई रिकवरी नहीं की जाएगी।