Maharashtra में डॉक्टरों की हड़ताल टली, लेकिन 9 अगस्त से अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी
Maharashtra: राज्य में डॉक्टरों द्वारा 20 जुलाई को की जाने वाली 24 घंटे की हड़ताल अब टाल दी गई है। Indian Medical Association (IMA) ने यह फैसला बॉम्बे हाई कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद लिया है। हालांकि, डॉक्टरों ने साफ कर दि
Maharashtra: राज्य में डॉक्टरों द्वारा 20 जुलाई को की जाने वाली 24 घंटे की हड़ताल अब टाल दी गई है। Indian Medical Association (IMA) ने यह फैसला बॉम्बे हाई कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद लिया है। हालांकि, डॉक्टरों ने साफ कर दिया है कि अगर सरकार ने उन्हें कानूनी सुरक्षा नहीं दी, तो वे फिर से बड़े आंदोलन के लिए उतरेंगे।
यह पूरा मामला डोंबिवली के एक अस्पताल में हुए हमले से जुड़ा है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने इस मामले में खुद संज्ञान लिया और मुख्य आरोपी शिव सेना कॉर्पोरेट रमेश म्हात्रे की जमानत पर रोक लगा दी। कोर्ट के आदेश के बाद रमेश म्हात्रे ने 19 जुलाई को पुलिस के सामने सरेंडर कर दिया। म्हात्रे के खिलाफ पहले से ही 18 आपराधिक मामले दर्ज हैं। कोर्ट की इस सख्ती के बाद IMA और Association of Medical Consultants (AMC) ने अपनी हड़ताल वापस ले ली।
भले ही अभी हड़ताल टल गई हो, लेकिन IMA महाराष्ट्र ने राज्य सरकार को कड़ी चेतावनी दी है। डॉक्टरों की मांग है कि सरकार एक अध्यादेश (ordinance) लाकर उन्हें कानूनी सुरक्षा प्रदान करे। अगर मांगें पूरी नहीं हुईं, तो 27 जुलाई को विरोध के तौर पर 24 घंटे की सेवाएं वापस ली जाएंगी और 9 अगस्त (क्रांति दिवस) से पूरे राज्य में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू होगी।
डॉक्टरों की मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:
- Maharashtra Medicare Service Persons and Medicare Service Institutions Act, 2010 में कड़े बदलाव किए जाएं।
- अस्पतालों पर हमले के मामलों को गैर-जमानती बनाया जाए।
- FIR दर्ज होने के बाद जांच 30 से 60 दिनों के भीतर पूरी हो।
- कोर्ट में इन केसों का निपटारा तेजी से किया जाए।
डोंबिवली अस्पताल हमले के इस मामले की अगली सुनवाई 22 जुलाई को बॉम्बे हाई कोर्ट में होगी।