Maharashtra: सीबीएसई (CBSE) कक्षा 10वीं के नतीजों के बाद राज्य के छात्रों में नंबर बढ़ाने की होड़ मची है। हैरानी की बात यह है कि जिन छात्रों के 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक आए हैं, वे भी अपने स्कोर को और बेहतर करने के लिए दो
Maharashtra: सीबीएसई (CBSE) कक्षा 10वीं के नतीजों के बाद राज्य के छात्रों में नंबर बढ़ाने की होड़ मची है। हैरानी की बात यह है कि जिन छात्रों के 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक आए हैं, वे भी अपने स्कोर को और बेहतर करने के लिए दोबारा परीक्षा देने का विकल्प चुन रहे हैं। यह रुझान खासकर अच्छे कॉलेज में एडमिशन पाने की चाहत के कारण देखा जा रहा है।
इम्प्रूवमेंट एग्जाम के लिए कौन से विषय हैं ज्यादा लोकप्रिय
छात्र मुख्य रूप से गणित और अंग्रेजी जैसे विषयों में अपने नंबर बढ़ाना चाहते हैं। पूरे भारत में सीबीएसई को कक्षा 10वीं के दूसरे चरण की परीक्षा के लिए 6,68,854 आवेदन मिले हैं, जिनमें से 5,25,655 छात्र सिर्फ स्कोर सुधारने के लिए आए हैं। विज्ञान सबसे पसंदीदा विषय है जिसमें 4,74,491 छात्रों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। इसके बाद गणित स्टैंडर्ड और बेसिक के छात्रों की संख्या काफी ज्यादा है।
BMC स्कूलों और महाराष्ट्र के छात्रों का हाल
मुंबई के BMC स्कूलों से करीब 64 छात्र मई के मध्य से होने वाली इस दोबारा परीक्षा में बैठेंगे। इन स्कूलों के कुल 339 छात्रों में से 35 ऐसे हैं जिन्होंने पहले ही 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल कर लिए थे, लेकिन वे फिर भी बेहतर स्कोर चाहते हैं। पुणे डिवीजन में पहले चरण की परीक्षा का पास प्रतिशत 96.99% रहा था।
क्या हैं सीबीएसई के नए नियम और जरूरी तारीखें
सत्र 2025-26 से सीबीएसई ने साल में दो बार बोर्ड परीक्षा का सिस्टम शुरू किया है। फरवरी-मार्च की परीक्षा अनिवार्य है, जबकि मई की परीक्षा उन छात्रों के लिए वैकल्पिक है जो अपने नंबर बढ़ाना चाहते हैं। केवल वही छात्र इसमें बैठ सकते हैं जिन्होंने फरवरी की परीक्षा पास की है। छात्र अधिकतम तीन विषयों में सुधार कर सकते हैं। फाइनल मार्कशीट पर वही नंबर लिखे जाएंगे जो दोनों परीक्षाओं में से ज्यादा होंगे।
- पहली परीक्षा: 17 फरवरी से 11 मार्च 2026
- नतीजे: 15 अप्रैल 2026
- इम्प्रूवमेंट एग्जाम: 15 मई से 21 मई 2026 (कुछ मामलों में 1 जून तक)
- दूसरे चरण के नतीजे: जून 2026 के अंत तक
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या इम्प्रूवमेंट एग्जाम में कम नंबर आने पर पुराने नंबर हट जाएंगे?
नहीं, अगर छात्र मई की परीक्षा में कम नंबर लाता है, तो फरवरी की परीक्षा के पुराने नंबर ही मान्य रहेंगे। मार्कशीट पर सबसे ज्यादा वाला स्कोर ही दिखाया जाएगा।
इम्प्रूवमेंट एग्जाम के लिए कौन से विषय चुने जा सकते हैं?
छात्र गणित, विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, हिंदी या अंग्रेजी में से अधिकतम तीन विषयों का चुनाव कर सकते हैं।