Lucknow में जंतर मंतर धरने के समर्थन में युवाओं का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा

Lucknow : दिल्ली के जंतर मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन के समर्थन में लखनऊ के युवाओं ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। परिवर्तन चौक और जीपीओ पार्क में बड़ी संख्या में छात्र जमा हुए और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग की। इस

Lucknow : दिल्ली के जंतर मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन के समर्थन में लखनऊ के युवाओं ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। परिवर्तन चौक और जीपीओ पार्क में बड़ी संख्या में छात्र जमा हुए और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग की। इस बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है, जिससे आंदोलनकारियों में खुशी की लहर है।

लखनऊ के परिवर्तन चौक पर आइसा (AISA) और लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रों ने प्रतिवाद मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांगें केंद्रीय शिक्षा मंत्री का इस्तीफा, पेपर लीक मामलों पर जवाबदेही और छात्रों पर दर्ज मुकदमों की वापसी थी। नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद ने भी इको गार्डन में छात्रों के समर्थन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

दिल्ली में चल रहे इस आंदोलन का नेतृत्व कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) कर रही थी। केंद्रीय मंत्रियों जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ तीसरे दौर की बातचीत के बाद जंतर मंतर पर धरना समाप्त कर दिया गया। सरकार ने प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों को मान लिया है, जिसमें घायल छात्रों के लिए मुआवजे का प्रावधान भी शामिल है।

पेपर लीक की समस्या को खत्म करने के लिए केंद्र सरकार अब एक सख्त कानून ला रही है। इस नए कानून के तहत दोषियों को 10 साल तक की जेल और 10 करोड़ रुपये तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है। वहीं, सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने भी अपना 26 दिनों का आमरण अनशन मेदांता अस्पताल में समाप्त कर दिया है।

लखनऊ में इस घटनाक्रम के बाद कांग्रेस कार्यालय में जश्न मनाया गया और प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने इसे छात्रों की जीत बताया। दूसरी तरफ, उत्तर प्रदेश पुलिस को हाई अलर्ट पर रखा गया है ताकि विरोध प्रदर्शनों को बड़े आंदोलन में बदलने से रोका जा सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस दौरान विपक्षी दलों पर छात्रों को भड़काने का आरोप लगाया है।