UP : लखनऊ के इको गार्डन में 12 जून को हजारों सरकारी नौकरी के उम्मीदवारों और छात्रों ने जोरदार प्रदर्शन किया। अभ्यर्थी भर्ती प्रक्रियाओं में हो रही देरी और बार-बार होने वाले पेपर लीक से परेशान हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना
UP : लखनऊ के इको गार्डन में 12 जून को हजारों सरकारी नौकरी के उम्मीदवारों और छात्रों ने जोरदार प्रदर्शन किया। अभ्यर्थी भर्ती प्रक्रियाओं में हो रही देरी और बार-बार होने वाले पेपर लीक से परेशान हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सालों से तैयारी करने के बाद भी परीक्षाओं के रद्दीकरण और कानूनी अड़चनों की वजह से उनका भविष्य अधर में लटका हुआ है।
छात्रों ने किन मुद्दों पर जताया विरोध
प्रदर्शन का नेतृत्व Cockroach Janata Party (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने किया। छात्रों ने मुख्य रूप से पेपर लीक, भर्ती चक्र में होने वाली देरी और परीक्षा परिणामों में अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। अभ्यर्थियों ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। छात्रों का कहना है कि वे घर वालों के दबाव और आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं, फिर भी संघर्ष कर रहे हैं।
पुलिस प्रशासन और आगामी योजना
लखनऊ पुलिस ने इस विरोध प्रदर्शन के लिए सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक की अनुमति दी थी। सुरक्षा के लिहाज से भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। इस दौरान छात्र कार्यकर्ता विवेक कुमार को टुंडला में हिरासत में लिया गया था, जिन्हें बाद में छोड़ दिया गया। CJP ने अब 20 जून को दिल्ली के जंतर मंतर पर बड़े आंदोलन की योजना बनाई है, उससे पहले अमृतसर और बेंगलुरु में भी प्रदर्शन होंगे।
परीक्षाओं की वर्तमान स्थिति क्या है
UPPSC ने अपना परीक्षा कैलेंडर जारी कर दिया है, जिसमें UPPSC PCS प्रीलिम्स 2026 की परीक्षा 6 दिसंबर 2026 को होनी है। वहीं UPSC ने प्रशासनिक कारणों से सिविल सेवा परीक्षा (CSE) 2026 और भारतीय वन सेवा (IFS) परीक्षा 2026 की अधिसूचना को स्थगित किया था, हालांकि प्रीलिम्स की तारीख 24 मई 2026 ही रही।
Frequently Asked Questions (FAQs)
UPPSC PCS प्रीलिम्स 2026 की परीक्षा कब होगी
UPPSC द्वारा जारी परीक्षा कैलेंडर के अनुसार, UPPSC PCS प्रीलिम्स 2026 की परीक्षा 6 दिसंबर 2026 को निर्धारित की गई है।
लखनऊ में प्रदर्शन का मुख्य कारण क्या था
छात्रों ने पेपर लीक, भर्ती प्रक्रियाओं में देरी, परिणामों में अनियमितता और सरकारी नौकरी की लंबी कानूनी बाधाओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।