UP: लखनऊ में समाजवादी पार्टी के मुख्यालय के बाहर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। यहाँ सपा युवजन सभा के उपाध्यक्ष पंकज राजभर ने एक होर्डिंग लगाई है, जिसमें भाजपा सरकार के दौरान राजभर समाज के लोगों की हत्याओं और अत्याचारों का
UP: लखनऊ में समाजवादी पार्टी के मुख्यालय के बाहर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। यहाँ सपा युवजन सभा के उपाध्यक्ष पंकज राजभर ने एक होर्डिंग लगाई है, जिसमें भाजपा सरकार के दौरान राजभर समाज के लोगों की हत्याओं और अत्याचारों का ब्योरा दिया गया है। इसे शहर में चल रहे होर्डिंग युद्ध का एक और हिस्सा माना जा रहा है।
होर्डिंग में क्या आरोप लगाए गए हैं?
इस होर्डिंग के जरिए भाजपा सरकार पर निशाना साधा गया है। इसमें दावा किया गया है कि साल 2024 से 2025 के बीच राजभर समाज के कई सदस्यों की हत्याएं हुई हैं। पंकज राजभर का कहना है कि सरकार के कार्यकाल में इस समुदाय के लोगों पर अत्याचार हुए हैं, लेकिन उन्हें सही न्याय नहीं मिला।
किन घटनाओं का किया गया जिक्र?
पंकज राजभर ने पहले भी इस मुद्दे पर अपनी बात रखी थी। उन्होंने बताया कि भाजपा सरकार के तहत राजभर समुदाय के लगभग 25 से 30 लोगों की हत्या हुई है। उदाहरण के तौर पर उन्होंने बनारस में फया राजभर और जौनपुर में दीपक राजभर की हत्याओं का मामला उठाया है। उन्होंने सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के नेता ओम प्रकाश राजभर की भी आलोचना की है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में सपा मुख्यालय के बाहर होर्डिंग किसने लगाई?
यह होर्डिंग सपा युवजन सभा के उपाध्यक्ष पंकज राजभर द्वारा लगाई गई है, जिसमें राजभर समाज के खिलाफ हुए कथित अत्याचारों का विवरण है।
होर्डिंग में किन विशेष हत्याओं का जिक्र किया गया है?
होर्डिंग और पंकज राजभर के बयानों में बनारस के फया राजभर और जौनपुर के दीपक राजभर की हत्याओं का उदाहरण दिया गया है।