UP : लखनऊ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा एक साल तक सोना न खरीदने की अपील के बाद सर्राफा बाजार में भारी तनाव है। इस फैसले के विरोध में लखनऊ महानगर सर्राफा एसोसिएशन ने प्रतीकात्मक बंद का आह्वान किया और व्यापारियों ने
UP : लखनऊ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा एक साल तक सोना न खरीदने की अपील के बाद सर्राफा बाजार में भारी तनाव है। इस फैसले के विरोध में लखनऊ महानगर सर्राफा एसोसिएशन ने प्रतीकात्मक बंद का आह्वान किया और व्यापारियों ने अपनी नाराजगी जताई। व्यापारियों का कहना है कि इस अपील से लाखों छोटे कारीगरों और सुनारों की रोजी-रोटी पर संकट आ गया है।
प्रधानमंत्री ने सोना न खरीदने की अपील क्यों की?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हैदराबाद की एक रैली में देशवासियों से एक साल तक गैर-जरूरी सोना न खरीदने, ईंधन की खपत कम करने और विदेश यात्राएं सीमित करने की अपील की। यह अपील पश्चिम एशिया के संकट और बढ़ते आयात बिलों के बीच विदेशी मुद्रा बचाने और भारतीय अर्थव्यवस्था पर दबाव कम करने के लिए की गई। सरकार का लक्ष्य देश के विदेशी मुद्रा भंडार को सुरक्षित रखना है।
व्यापारियों और राजनीतिक दलों का क्या कहना है?
लखनऊ सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष मनीष कुमार वर्मा और आदेश जैन ने कहा कि बाजार पहले से ही मंदी से जूझ रहा है और ऐसी अपील व्यापारियों के लिए बड़ा झटका है। ऑल इंडिया ज्वेलर्स एंड गोल्डस्मिथ फेडरेशन के अनुसार, इस इकोसिस्टम से करीब 3.5 करोड़ लोग जुड़े हैं। वहीं, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इसे सरकार की विफलता बताया और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने सवाल किया कि पीएम ने भाजपा सदस्यों से सोना दान करने की अपील क्यों नहीं की।
बाजार और अर्थव्यवस्था पर क्या असर पड़ा?
इस अपील के बाद लखनऊ के सर्राफा बाजार में ग्राहकों की संख्या में भारी गिरावट देखी गई। शेयर बाजार में भी ज्वेलरी कंपनियों के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई और 11 मई 2026 को सोने की कीमतों में भी कमी आई। व्यापारियों ने मांग की है कि सरकार छोटे कारीगरों के हितों का ध्यान रखे और प्रभावी गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम लागू करे।
| मुख्य बिंदु |
विवरण |
| अपील की तारीख |
10 और 11 मई, 2026 |
| प्रभावित लोग |
लगभग 3.5 करोड़ (ज्वेलरी इकोसिस्टम) |
| विरोध का स्थान |
पावर हाउस चौराहा, लखनऊ |
| मुख्य मांग |
अपील वापस लेना और कारीगरों को राहत देना |
Frequently Asked Questions (FAQs)
पीएम मोदी ने सोना न खरीदने की अपील क्यों की?
पश्चिम एशिया संकट और बढ़ते आयात बिलों के कारण विदेशी मुद्रा बचाने और भारतीय अर्थव्यवस्था के दबाव को कम करने के लिए यह अपील की गई।
लखनऊ के व्यापारियों ने विरोध क्यों किया?
व्यापारियों का मानना है कि इससे सर्राफा कारोबार ठप हो जाएगा और लाखों छोटे कारीगरों व सुनारों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा।