UP : लखनऊ के चिनहट इलाके में LSA कंपनी के सफाई कर्मचारियों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारी अपनी सैलरी से कटौती और कंपनी की तरफ से मिल रही नौकरी से निकालने की धमकी से नाराज थे। इस हंगामे के दौरान कर्मचारियों ने कंपन
UP : लखनऊ के चिनहट इलाके में LSA कंपनी के सफाई कर्मचारियों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारी अपनी सैलरी से कटौती और कंपनी की तरफ से मिल रही नौकरी से निकालने की धमकी से नाराज थे। इस हंगामे के दौरान कर्मचारियों ने कंपनी के सुपरवाइजर पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
सफाई कर्मचारियों ने सुपरवाइजर पर क्या आरोप लगाए
कर्मचारियों का कहना है कि LSA कंपनी के सुपरवाइजर Avinash Rajput का रवैया बहुत तानाशाही वाला है। उन्होंने आरोप लगाया कि सुपरवाइजर ने बिना किसी ठोस वजह के उनके वेतन से दो हजार रुपये काट लिए हैं। साथ ही, विरोध करने पर उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी भी दी गई, जिससे कर्मचारियों में भारी आक्रोश है।
लखनऊ में सफाई कर्मियों के विरोध का सिलसिला
शहर में सफाई कर्मचारियों का यह पहला विरोध नहीं है। इससे पहले 9 मई 2026 को 1090 चौराहे पर कम वेतन को लेकर प्रदर्शन हुआ था। 3 जून को कर्मचारियों ने सरकार को पांच सूत्री मांग पत्र सौंपा था, जिसमें समान काम के लिए समान वेतन और न्यूनतम मजदूरी लागू करने की मांग की गई थी। 4 जून को अखिल भारतीय वाल्मीकि महासभा के नेतृत्व में ‘जन आक्रोश पदयात्रा’ भी निकाली गई थी।
अस्पताल और अन्य जगहों पर भी विवाद
30 मई 2026 को राम सागर मिश्रा अस्पताल के कर्मचारियों ने काम बंद कर दिया था। वहां के CMS डॉ. बी.के. शर्मा पर बदसलूकी और सफाई कर्मियों से सीवर साफ कराने जैसे काम करवाने का आरोप लगा था। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें उनके काम से अलग काम करने के लिए मजबूर किया जा रहा है और मना करने पर नौकरी से हटाने की धमकी दी जाती है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
चिनहट में सफाई कर्मचारियों के हंगामे की मुख्य वजह क्या थी
LSA कंपनी के सफाई कर्मचारी वेतन से 2,000 रुपये की कटौती और सुपरवाइजर अविनाश राजपूत द्वारा नौकरी से निकालने की धमकी दिए जाने के कारण नाराज थे।
सफाई कर्मचारियों की मुख्य मांगें क्या हैं
कर्मचारियों की मुख्य मांगों में समान काम के लिए समान वेतन, न्यूनतम मजदूरी का भुगतान, शोषण का अंत और उनकी नौकरियों का नियमितीकरण शामिल है।