Lucknow में घर खरीदना हुआ आसान, नए प्रोजेक्ट्स के मामले में नोएडा-गाजियाबाद को पछाड़ा

Lucknow: अगर आप लखनऊ में अपना घर बनाने की सोच रहे हैं तो यह सही समय हो सकता है। यूपी रेरा की 2026 की अर्धवार्षिक रिपोर्ट के मुताबिक लखनऊ अब रियल एस्टेट का नया बड़ा केंद्र बन गया है। जनवरी से जून के बीच लखनऊ ने नए प्रोजेक

Lucknow: अगर आप लखनऊ में अपना घर बनाने की सोच रहे हैं तो यह सही समय हो सकता है। यूपी रेरा की 2026 की अर्धवार्षिक रिपोर्ट के मुताबिक लखनऊ अब रियल एस्टेट का नया बड़ा केंद्र बन गया है। जनवरी से जून के बीच लखनऊ ने नए प्रोजेक्ट्स के पंजीकरण में नोएडा और गाजियाबाद जैसे बड़े शहरों को पीछे छोड़ दिया है।

रिपोर्ट के अनुसार इस अवधि में लखनऊ में सबसे ज्यादा 37 नई योजनाएं पंजीकृत हुईं। यूपी रेरा के अध्यक्ष संजय भूसरेड्डी ने बताया कि सरकार की विकास नीतियों और पारदर्शिता की वजह से निवेशकों और खरीदारों का भरोसा बढ़ा है। इस समय पूरे उत्तर प्रदेश में कुल 143 नई परियोजनाएं पंजीकृत हुई हैं, जिनमें लगभग 46,049 आवासीय इकाइयां बनेंगी और इसमें 31,952 करोड़ रुपये का निवेश होगा।

लखनऊ में इस तेजी की बड़ी वजह बुनियादी ढांचे का विकास है। किसान पथ (आउटर रिंग रोड) के पूरी तरह चालू होने से शहर के चारों ओर एक नया शहरी बेल्ट बन गया है। इसका असर यह हुआ कि रिंग रोड के किनारे जमीन की कीमतें 2024 के 1,800 रुपये प्रति वर्ग फुट से बढ़कर 2026 में 3,200 रुपये प्रति वर्ग फुट से ज्यादा हो गई हैं। इसके अलावा आईटी सिटी का विस्तार और मेट्रो फेज-2 भी लोगों को आकर्षित कर रहे हैं।

लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि एलडीए की पांच बड़ी आवासीय योजनाओं पर काम चल रहा है। इनमें आईटी सिटी, अनंत नगर, नैमिष नगर, सीतापुर रोड और वरुण विहार शामिल हैं। नैमिष नगर और वरुण विहार योजनाओं की शुरुआत 15 अगस्त 2026 से पहले होने की उम्मीद है। एलडीए अब विकास कार्यों की निगरानी के लिए डिजिटल डैशबोर्ड भी तैयार कर रहा है ताकि सब कुछ पारदर्शी रहे।

योजना/क्षेत्र मुख्य विवरण
किसान पथ (रिंग रोड) लॉजिस्टिक्स मांग में 45% की वृद्धि, कीमतें 3,200 रु./sqft तक पहुंची
लखनऊ वेलनेस सिटी सुल्तानपुर रोड पर 1474 एकड़ में मेडिकल और आवासीय सुविधा
मेगा योजनाएं नैमिष नगर और वरुण विहार से करीब 6 लाख लोगों को आवास मिलेगा
निवेश (लखनऊ) हालिया 6 मंजूर प्रोजेक्ट्स में 438.29 करोड़ रुपये का निवेश

हालांकि निवेश और लक्जरी प्रोजेक्ट्स के मामले में गौतम बुद्ध नगर (नोएडा) अभी भी सबसे आगे है, जहां 13,160 आवासीय इकाइयों के साथ 15,678 करोड़ रुपये का निवेश हुआ है। गाजियाबाद में इस दौरान 19 परियोजनाएं पंजीकृत की गईं। यूपी रेरा ने खरीदारों के हितों का ध्यान रखते हुए अब तक 2,173.78 करोड़ रुपये वापस दिलाए हैं।