UP: लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में बुधवार दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक संदीप सिंह अपने ऑफिस के सामने मोबाइल पर बात कर रहे थे, तभी बाइक सवार बदमाशों ने उन पर हमला किया। इस वारदात से पूरे इला
UP: लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में बुधवार दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक संदीप सिंह अपने ऑफिस के सामने मोबाइल पर बात कर रहे थे, तभी बाइक सवार बदमाशों ने उन पर हमला किया। इस वारदात से पूरे इलाके में दहशत फैल गई है और लोग राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।
कैसे हुई संदीप सिंह की हत्या
घटना 27 मई 2026 की दोपहर करीब 12:30 से 1:00 बजे के बीच की है। संदीप सिंह अपनी कार से ऑफिस पहुंचे थे और मोबाइल पर बात करते हुए आगे बढ़ रहे थे। तभी बाइक पर आए दो नकाबपोश बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों ने करीब तीन गोलियां चलाईं, जिनमें से एक गोली संदीप सिंह के सिर के पास लगी। घायल संदीप सड़क पर गिर पड़े, लेकिन हमलावर फायरिंग करते रहे और फिर पिस्टल लहराते हुए फरार हो गए।
CCTV में कैद हुई वारदात और पुलिस की कार्रवाई
पूरी घटना पास के एक CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हो गई है। फुटेज में दिख रहा है कि बाइक चलाने वाले ने हेलमेट पहना था और पीछे बैठे बदमाश ने चेहरा ढका हुआ था। स्थानीय लोग उन्हें तुरंत अपेक्स ट्रॉमा सेंटर ले गए, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। डीसीपी साउथ अमित आनंद ने बताया कि पुलिस इसे टारगेट किलिंग मान रही है। संदीप की पत्नी प्रीति की तहरीर पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों को पकड़ने के लिए चार पुलिस टीमें बनाई गई हैं।
कौन थे संदीप सिंह और क्या है जांच का आधार
संदीप सिंह मूल रूप से जौनपुर के रहने वाले थे और लखनऊ के वृंदावन कालिंदी पार्क के पास रहते थे। वह कल्ली पश्चिम इलाके में PSS बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड के नाम से प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते थे। पुलिस अब संदीप सिंह की कॉल डिटेल्स खंगाल रही है। जांच अधिकारी प्रॉपर्टी विवाद और पुरानी रंजिश समेत सभी पहलुओं पर गौर कर रहे हैं ताकि जल्द से जल्द कातिलों तक पहुंचा जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में प्रॉपर्टी डीलर की हत्या कहाँ और कब हुई
यह घटना 27 मई 2026 को दोपहर 12:30 से 1:00 बजे के बीच पीजीआई थाना क्षेत्र के कल्ली पश्चिम स्थित उनके ऑफिस के सामने हुई।
पुलिस इस मामले में क्या कार्रवाई कर रही है
डीसीपी साउथ अमित आनंद के अनुसार, आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चार पुलिस टीमें गठित की गई हैं और सीसीटीवी फुटेज व कॉल डिटेल्स की जांच की जा रही है।