UP : लखनऊ के पीजीआई इलाके में प्रॉपर्टी डीलर संदीप सिंह की दिनदहाड़े हत्या के मामले में पुलिस और एसटीएफ को बड़े सुराग मिले हैं। जांच में पता चला है कि हमलावरों ने हत्या से पहले संदीप सिंह और उनके परिवार की हरकतों पर करीब
UP : लखनऊ के पीजीआई इलाके में प्रॉपर्टी डीलर संदीप सिंह की दिनदहाड़े हत्या के मामले में पुलिस और एसटीएफ को बड़े सुराग मिले हैं। जांच में पता चला है कि हमलावरों ने हत्या से पहले संदीप सिंह और उनके परिवार की हरकतों पर करीब से नजर रखी थी। यह पूरी वारदात एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा थी जिसे शूटरों ने बहुत बारीकी से प्लान किया था।
कैसे हुई वारदात और कौन थे हमलावर
यह घटना 27 मई 2026 को पीजीआई थाना क्षेत्र के कल्ली पश्चिम बाजार में हुई। संदीप सिंह अपने कार्यालय के पास पहुंचे ही थे कि मोटरसाइकिल पर सवार दो नकाबपोश बदमाशों ने उन पर हमला कर दिया। एक बदमाश ने गोली चलाई जबकि दूसरा बाइक चला रहा था। हमलावर ने अपना चेहरा सफेद गमछे और टोपी से ढका हुआ था और उनकी बाइक की नंबर प्लेट भी खराब थी। घायल संदीप सिंह को एपेक्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया जहां उनकी मौत हो गई।
पुलिस और एसटीएफ की जांच में अब तक क्या मिला
डीसीपी दक्षिण अमित कुमार आनंद और उनकी टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया है। पुलिस को मौके से एक खाली कारतूस मिला है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। पुलिस को शक है कि शूटर पूर्वांचल के रहने वाले हैं। आरोपियों को पकड़ने के लिए वाराणसी, जौनपुर, आजमगढ़ और मऊ जैसे जिलों में 10 टीमें तैनात की गई हैं। पुलिस इस मामले में संपत्ति विवाद और पुरानी रंजिश जैसे पहलुओं पर जांच कर रही है।
परिवार की स्थिति और पुलिस का दावा
संदीप सिंह पीएसएस बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड के मालिक थे। उनके परिवार में पत्नी प्रीति, बेटा सार्थक और बेटी शिवी हैं। पत्नी की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है। घटना के पांच दिन बाद भी आरोपी फरार हैं, जिससे परिवार में काफी दुख और गुस्सा है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी होगी और मामले का पूरा खुलासा कर दिया जाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
संदीप सिंह की हत्या कब और कहां हुई थी
संदीप सिंह की हत्या 27 मई 2026 को लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र के कल्ली पश्चिम बाजार स्थित उनके कार्यालय के पास मोटरसाइकिल सवार बदमाशों ने की थी।
पुलिस आरोपियों को पकड़ने के लिए कहां छापेमारी कर रही है
पुलिस को शक है कि शूटर पूर्वांचल के हैं, इसलिए वाराणसी, जौनपुर, आजमगढ़ और मऊ जैसे जिलों में पुलिस की 10 टीमें छापेमारी कर रही हैं।