Lucknow में बिजली संकट गहराया, PGI और आशियाना समेत कई इलाकों में घंटों गुल रही बिजली, चोरी पर बड़ी कार्रवाई
Lucknow: राजधानी लखनऊ में भीषण गर्मी के बीच बिजली की किल्लत ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पीजीआई इलाके में खंभों और तारों में आग लगने से सप्लाई ठप हो गई, वहीं लाटूश रोड, फैजुल्लागंज और आशियाना जैसे इलाकों में लोग घं
Lucknow: राजधानी लखनऊ में भीषण गर्मी के बीच बिजली की किल्लत ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पीजीआई इलाके में खंभों और तारों में आग लगने से सप्लाई ठप हो गई, वहीं लाटूश रोड, फैजुल्लागंज और आशियाना जैसे इलाकों में लोग घंटों अंधेरे में रहे। बिजली कटौती और तकनीकी खराबी के कारण आम जनता के साथ-साथ व्यापारियों को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा है।
16 जून को पीजीआई क्षेत्र में बिजली के खंभों में आग लगने से आपूर्ति बाधित हुई और करीब 5 घंटे तक बिजली नहीं आई। इससे पहले 15 जून को लाटूश रोड पर सुधार कार्य और फॉल्ट की वजह से 7 घंटे तक बिजली गुल रही। इसके अलावा राजाजीपुरम, ठाकुरगंज, अमीनाबाद और चौक के कालीजी फीडर में भी खराबी देखी गई, जिससे लोग परेशान रहे। दुबग्गा के एफसीआई उपकेंद्र से जुड़े कई गांवों में चोरों ने बिजली पोल के तार चुरा लिए, जिसकी वजह से वहां 28 घंटे तक बिजली संकट रहा। इस मामले में काकोरी थाने में तहरीर दी गई है।
बिजली की इस किल्लत के बीच किसानों का गुस्सा भी फूट पड़ा। भारतीय किसान यूनियन (अवध) के करीब 400-500 किसानों ने अलीगंज स्थित मुख्य अभियंता कार्यालय का घेराव किया। किसानों ने आरोप लगाया कि आधी रात को मनमाने ढंग से बिजली काटी जा रही है और विभाग बिजली चोरी रोकने में नाकाम है।
दूसरी तरफ, बिजली विभाग ने चोरी रोकने के लिए बड़ा अभियान चलाया है। विभाग ने 52 लोगों पर मुकदमे दर्ज किए, 367 कनेक्शन काटे और 91 लाख रुपये की वसूली की। बाकरगंज इलाके को चोरी का हॉटस्पॉट माना गया है, जहां 125 घरों की जांच में 6 जगह कटिया डालकर बिजली चोरी पकड़ी गई। इससे पहले एक शोरूम को भी ट्रांसफार्मर से सीधे बिजली चोरी करते हुए पकड़ा गया था।
उपभोक्ताओं के लिए एक राहत की खबर यह है कि UPERC ने जून के बिलों में 10% ईंधन अधिभार (फ्यूल सरचार्ज) लगाने पर रोक लगा दी है और इसे गैरकानूनी बताया है। वहीं, मध्यांचल विद्युत वितरण निगम ने फील्ड कर्मचारियों के लिए बायोमीट्रिक हाजिरी के नियमों में 30 जून तक ढील दी है ताकि फॉल्ट को जल्दी ठीक किया जा सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने अधिकारियों को निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने और शिकायतों का तुरंत समाधान करने के निर्देश दिए हैं।