Lucknow में सड़क बनी सीवर, कन्हैया माधवपुर के लोगों का बुरा हाल; बोले- गंदगी की वजह से नहीं हो रही शादियाँ
Lucknow: राजधानी लखनऊ के कन्हैया माधवपुर इलाके में सड़क की हालत इतनी खराब हो गई है कि वह अब सीवर का रूप ले चुकी है। यहाँ के लोग गंदगी और जलभराव की वजह से अपने बुनियादी कामों के लिए भी तरस रहे हैं। हालात इस कदर बिगड़ चुके
Lucknow: राजधानी लखनऊ के कन्हैया माधवपुर इलाके में सड़क की हालत इतनी खराब हो गई है कि वह अब सीवर का रूप ले चुकी है। यहाँ के लोग गंदगी और जलभराव की वजह से अपने बुनियादी कामों के लिए भी तरस रहे हैं। हालात इस कदर बिगड़ चुके हैं कि स्थानीय निवासियों का कहना है कि गंदगी के कारण उनके घर में शादियाँ नहीं हो पा रही हैं और यहाँ तक कि शव यात्रा निकालने में भी भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
यह समस्या वार्ड 31, कन्हैया माधवपुर सेकेंड की है, जहाँ की आबादी लगभग 1 लाख है। स्थानीय लोगों ने बताया कि मेयर के बजट से सड़क का निर्माण कराया गया था, लेकिन यह सड़क एक साल के भीतर ही पूरी तरह बर्बाद हो गई। लोगों का आरोप है कि घटिया निर्माण और सीवर की समस्या ने उनके जीवन को नर्क बना दिया है।
सरकारी रिकॉर्ड की बात करें तो सितंबर 2025 में महापौर सुषमा खर्कवाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में फरीदीपुर मुख्य मार्ग से सरकारी स्कूल तक 2.34 करोड़ रुपये की लागत से सड़क बनाने की मंजूरी दी गई थी। इसके अलावा, नवंबर 2024 में सांसद कौशल किशोर ने भी विनीत लोधी मार्केट से माधवपुर चौराहे तक डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से सड़क निर्माण की घोषणा की थी।
नगर निगम और जल निगम के बीच तालमेल की कमी भी इस समस्या की बड़ी वजह रही है। मार्च 2024 में महापौर ने बताया था कि जल निगम ने अभी तक सीवर लाइनों के ब्लूप्रिंट जमा नहीं किए हैं, जिसकी वजह से रखरखाव का काम रुका हुआ है। हालांकि, प्रशासन ने पहले दावा किया था कि अक्टूबर-नवंबर 2025 तक गड्ढों को भरने और सड़क सुधार का काम पूरा कर लिया जाएगा, लेकिन वर्तमान स्थिति इसके उलट नजर आ रही है।