UP: लखनऊ में नाबालिग बच्चों के गायब होने और उनकी जांच में पुलिस की लापरवाही पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने कड़ा रुख अपनाया है। जस्टिस प्रवीण कुमार गिरी की एकल पीठ ने इस मामले में पुलिस कमिश्नर अमरेंद्र सेंगर से स्प
UP: लखनऊ में नाबालिग बच्चों के गायब होने और उनकी जांच में पुलिस की लापरवाही पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने कड़ा रुख अपनाया है। जस्टिस प्रवीण कुमार गिरी की एकल पीठ ने इस मामले में पुलिस कमिश्नर अमरेंद्र सेंगर से स्पष्टीकरण मांगा है। कोर्ट ने साफ कहा है कि नाबालिगों की सुरक्षा पुलिस की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पुलिस कमिश्नर और अधिकारियों को क्या निर्देश दिए गए
कोर्ट ने पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिया है कि वे लखनऊ के सभी थानों से लापता लड़कियों का पूरा डेटा और उन पर अब तक क्या कार्रवाई हुई, उसकी रिपोर्ट पेश करें। वहीं, DCP (ईस्ट) दीक्षा शर्मा को तीन दिनों में विस्तृत रिपोर्ट देनी होगी। उन्हें अपने साथ सभी थाना प्रभारियों (SHOs), सर्किल अधिकारियों (COs) और जांच अधिकारियों को अगली सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से पेश होने के लिए कहा गया है। लापरवाही बरतने वाले उप-निरीक्षक अश्विनी कुमार राय और ओपी को कोर्ट ने फटकार लगाई है।
लखनऊ में गुमशुदा बच्चों के आंकड़े क्या कहते हैं
डीसीपी दीक्षा शर्मा द्वारा दिए गए हलफनामे के मुताबिक, उनके इलाके के नौ थानों में 81 महिलाएं और लड़कियां गायब हुईं, जिनमें ज्यादातर नाबालिग थीं। इनमें से 66 को ढूंढ लिया गया है, लेकिन 15 अब भी लापता हैं। अगर पूरे लखनऊ की बात करें तो 1 जनवरी 2026 से अब तक कुल 261 लोग गुम हुए हैं। इनमें से 227 लोगों को बरामद कर लिया गया है, जबकि 34 लोग अब भी लापता हैं।
कोर्ट की निगरानी और सुप्रीम कोर्ट का आदेश
अदालत ने अब इन मामलों की साप्ताहिक निगरानी करने का फैसला किया है और 3 जुलाई को निगरानी रिपोर्ट मांगी है। पुलिस को निर्देश दिया गया है कि ऐसे संवेदनशील मामलों के लिए सक्षम अधिकारियों की तैनाती की जाए। बता दें कि मई 2026 में सुप्रीम कोर्ट ने भी देश में 47,000 बच्चों के लापता होने पर चिंता जताई थी। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया था कि गुमशुदा व्यक्तियों के मामलों में तुरंत FIR दर्ज हो और एंटी-ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट्स को चार हफ्ते के भीतर पूरी तरह चालू किया जाए।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में 1 जनवरी 2026 से अब तक कितने लोग लापता हुए हैं?
लखनऊ से अब तक कुल 261 लोग गुम हुए हैं, जिनमें ज्यादातर नाबालिग लड़के और लड़कियां हैं। इनमें से 227 लोगों का पता लगाकर उन्हें बरामद कर लिया गया है, जबकि 34 लोग अब भी लापता हैं।
हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारियों को क्या आदेश दिया है?
कोर्ट ने पुलिस कमिश्नर से स्पष्टीकरण मांगा है और DCP (ईस्ट) को अपने साथ सभी थाना प्रभारियों और जांच अधिकारियों को अगली सुनवाई में पेश होने का निर्देश दिया है। साथ ही मामलों की साप्ताहिक निगरानी करने को कहा है।