Lucknow: किरायेदारी विवाद में DIOS और ADM के आदेश रद्द, हाईकोर्ट ने अधिकारियों पर लगाया जुर्माना
Lucknow : लखनऊ हाईकोर्ट ने एक निजी मकान मालिक और किरायेदार के बीच चल रहे विवाद में जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) और अपर जिलाधिकारी (ADM) के दखल को गलत ठहराया है। कोर्ट ने इन अधिकारियों द्वारा दिए गए आदेश को रद्द करते हुए
Lucknow : लखनऊ हाईकोर्ट ने एक निजी मकान मालिक और किरायेदार के बीच चल रहे विवाद में जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) और अपर जिलाधिकारी (ADM) के दखल को गलत ठहराया है। कोर्ट ने इन अधिकारियों द्वारा दिए गए आदेश को रद्द करते हुए उन पर व्यक्तिगत जुर्माना भी लगाया है। यह पूरा मामला लखनऊ के नरही इलाके में स्थित एक भवन से जुड़ा है, जिसमें विद्या मंदिर गर्ल्स स्कूल चलता है।
न्यायमूर्ति जसप्रीत सिंह की एकल पीठ ने 31 जुलाई, 2026 को अपना फैसला सुनाया। कोर्ट ने 8 जून 2026 के उस आदेश को निरस्त कर दिया, जिसके जरिए मकान मालिकों से परिसर का कब्जा लेकर स्कूल प्रबंधन को सौंप दिया गया था। अदालत ने साफ कहा कि DIOS को निजी किरायेदारी विवाद में हस्तक्षेप करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं था और वह इस मामले में न तो जरूरी पक्ष था और न ही पीड़ित।
कोर्ट ने ADM (वित्त एवं राजस्व) की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। पीठ ने कहा कि संबंधित पक्ष को सुनवाई का मौका दिए बिना आदेश पारित करना प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है और यह शक्तियों का मनमाना इस्तेमाल था। साथ ही, कोर्ट ने राज्य सरकार के उस तर्क को भी खारिज कर दिया जिसमें उत्तर प्रदेश शैक्षणिक संस्थान अधिनियम, 1974 का हवाला दिया गया था, क्योंकि विवादित संपत्ति निजी स्वामित्व की थी।
अदालत ने इस मामले में सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों और स्कूल पर जुर्माना लगाया है। DIOS और ADM (वित्त एवं राजस्व) पर 25-25 हजार रुपये का व्यक्तिगत हर्जाना लगाया गया है, जिसे उन्हें अपने वेतन से एक हफ्ते के भीतर मकान मालिकों (डॉ. आभा गोयल और डॉ. अमित शेखर) को देना होगा। इसके अलावा, विद्यालय पर भी 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है और लंबित किराया अपील को एक हफ्ते में निपटाने का निर्देश दिया गया है।
कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश शहरी परिसर किरायेदारी विनियमन अधिनियम, 2021 लागू होने के बाद अब किराया विवादों की सुनवाई का हक केवल किराया प्राधिकारी (Rent Authority) को है, दीवानी अदालतों को नहीं।