Lucknow में बिजली चोरी पर एक्शन, दुबग्गा में ई-रिक्शा चार्जिंग और कटिया मारने वालों पर कसेगा शिकंजा

Lucknow: राजधानी के दुबग्गा इलाके में खुलेआम हो रही बिजली चोरी के खिलाफ अब विद्युत विभाग सख्त हो गया है। धोबी समाज की शिकायत के बाद मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (MVVNL) के प्रबंध निदेशक संदीप भागिया ने लापरवाह अधि

Lucknow: राजधानी के दुबग्गा इलाके में खुलेआम हो रही बिजली चोरी के खिलाफ अब विद्युत विभाग सख्त हो गया है। धोबी समाज की शिकायत के बाद मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (MVVNL) के प्रबंध निदेशक संदीप भागिया ने लापरवाह अधिकारियों को चेतावनी दी है और बिजली चोरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

मामला तब गरमाया जब धोबी समाज विकास संस्थान के अध्यक्ष राजेश कनौजिया ने 20 जुलाई 2026 को जिलाधिकारी विशाख जी से मुलाकात की। उन्होंने शिकायत की कि दुबग्गा क्षेत्र में धोबियों के लिए बने घाटों पर बिजली का जमकर दुरुपयोग हो रहा है। यहाँ लोग अवैध रूप से ई-रिक्शा चार्ज कर रहे हैं और घरों में मुफ्त बिजली का इस्तेमाल कर रहे हैं। राजेश कनौजिया ने बताया कि ये घाट 2009 में नगर आयुक्त के आदेश पर बने थे, लेकिन अब यहाँ बिजली चोरी आम बात हो गई है। समाज ने जनशिकायत पोर्टल पर भी शिकायत की थी, लेकिन विभाग के कर्मचारियों ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया था।

इस शिकायत के बाद MVVNL के एमडी संदीप भागिया ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने साफ कहा है कि बिजली बिल, खराब मीटर या चोरी जैसी शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर एक्शन लिया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि टोल-फ्री नंबर 1912 पर आने वाली हर शिकायत का समय पर समाधान हो और फर्जी तरीके से शिकायत बंद करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।

अब लेसा (LESA) और विजिलेंस की संयुक्त टीमें शहर के संवेदनशील इलाकों में छापेमारी करेंगी। विशेष रूप से कटिया लगाकर ई-रिक्शा चार्ज करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। यूपी पावर कॉर्पोरेशन के पीआरओ के.के. सिंह ने बताया कि कनेक्शन कटने के बाद भी बिजली इस्तेमाल करना गंभीर अपराध है, जिसमें भारतीय विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 और 138बी के तहत एफआईआर दर्ज कर दंडात्मक कार्रवाई की जाती है।

बता दें कि इससे पहले 15 जुलाई को भी विभाग ने अमौसी और गोमतीनगर समेत कई इलाकों में छापेमारी की थी। दुबग्गा क्षेत्र में ही 83 परिसरों की जांच हुई थी, जहाँ मीटर बाईपास कर बिजली चोरी करने वाले 5 उपभोक्ताओं को पकड़ा गया था। इस पूरे अभियान के दौरान कुल 19 लोगों पर मामला दर्ज किया गया था।