Lucknow के बलरामपुर अस्पताल की इमरजेंसी व्यवस्था बदहाल, मरीजों का आरोप- 2-3 दिन तक नहीं देखते सीनियर डॉक्टर

Lucknow: राजधानी लखनऊ के बलरामपुर अस्पताल की इमरजेंसी सेवाओं की हालत बहुत खराब बताई जा रही है। यहां भर्ती मरीजों का आरोप है कि उन्हें समय पर इलाज नहीं मिल रहा है और सीनियर डॉक्टर दो से तीन दिनों तक मरीजों को देखने नहीं आ

Lucknow: राजधानी लखनऊ के बलरामपुर अस्पताल की इमरजेंसी सेवाओं की हालत बहुत खराब बताई जा रही है। यहां भर्ती मरीजों का आरोप है कि उन्हें समय पर इलाज नहीं मिल रहा है और सीनियर डॉक्टर दो से तीन दिनों तक मरीजों को देखने नहीं आते। अस्पताल में मरीजों की भर्ती तो की जा रही है, लेकिन इलाज के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति हो रही है।

बलरामपुर अस्पताल में कुल 756 बेड हैं, जिनमें से इमरजेंसी के लिए करीब 100 बेड रखे गए हैं। पूरे प्रदेश से गंभीर मरीज यहां इलाज के लिए आते हैं। अक्सर KGMU, PGI और लोहिया संस्थान में बेड न मिलने पर मरीजों को यहां रेफर किया जाता है, लेकिन इमरजेंसी की बदहाली के कारण मरीजों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।

हाल ही में काकोरी के नौबस्ता निवासी अनिल कुमार मौर्य को गंभीर हालत में गुरुवार को भर्ती कराया गया था। उनके शरीर में संक्रमण की वजह से फफोले पड़ गए थे, लेकिन शुक्रवार दोपहर तक कोई वरिष्ठ डॉक्टर उन्हें देखने नहीं आया और सिर्फ ग्लूकोज की बोतल चढ़ाई गई। इसी तरह माल निवासी कुंती को लूज मोशन की शिकायत के बाद सीएचसी से रेफर कर गुरुवार शाम भर्ती कराया गया था। परिजनों का कहना है कि उन्हें यह तक नहीं बताया गया कि मरीज का इलाज कौन सा डॉक्टर कर रहा है और न ही कोई सीनियर डॉक्टर उन्हें देखने आया।