UP : लखनऊ के बाजारों में बकरीद की तैयारियों को लेकर जबरदस्त रौनक देखी गई। बुधवार देर रात तक लोग खरीदारी करते नजर आए, जिसमें अमीनाबाद बाजार में सबसे ज्यादा भीड़ रही। शहर के लोग त्योहार के लिए कपड़ों और अन्य सामानों की खरी
UP : लखनऊ के बाजारों में बकरीद की तैयारियों को लेकर जबरदस्त रौनक देखी गई। बुधवार देर रात तक लोग खरीदारी करते नजर आए, जिसमें अमीनाबाद बाजार में सबसे ज्यादा भीड़ रही। शहर के लोग त्योहार के लिए कपड़ों और अन्य सामानों की खरीदारी में जुटे रहे।
बकरीद की तारीख और सरकारी छुट्टी में क्या बदलाव हुआ
उत्तर प्रदेश सरकार ने ईद-उल-अजहा (बकरीद) की सार्वजनिक छुट्टी में बदलाव किया है। पहले यह छुट्टी 27 मई (बुधवार) को थी, लेकिन अब इसे बदलकर 28 मई (गुरुवार), 2026 कर दिया गया है। यह फैसला चांद दिखने के आधार पर त्योहार की तारीख के नए आकलन के बाद लिया गया है। लखनऊ समेत राज्य के अधिकांश हिस्सों में बकरीद 28 मई को मनाई जाएगी।
बाजारों का हाल और पशु मंडी की स्थिति
खरीदारी के लिए अमीनाबाद जैसे मुख्य बाजारों में काफी चहल-पहल रही। वहीं, पशुओं की खरीदारी के लिए Joggers’ Park Goat Market मुख्य केंद्र बना रहा। यहाँ विभिन्न नस्ल के बकरों की भारी मांग देखी गई और कुछ बकरों की कीमत कई लाख रुपये तक पहुंची।
प्रशासन की गाइडलाइन्स और सुरक्षा इंतजाम
UP सरकार ने जिला प्रशासन को बकरीद के लिए सख्त निर्देश दिए हैं। नियमों के मुताबिक सार्वजनिक स्थानों पर पशु बलि करना मना है और नमाज के लिए सड़कों को ब्लॉक नहीं किया जाएगा। प्रशासन केवल तय जगहों पर ही नमाज और कुर्बानी की अनुमति देगा। साथ ही, सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखी जा रही है और प्रतिबंधित जानवरों की बलि पर पूरी तरह रोक लगाई गई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में बकरीद की सरकारी छुट्टी कब है
उत्तर प्रदेश सरकार ने बकरीद की सार्वजनिक छुट्टी को 27 मई से बदलकर अब 28 मई 2026 (गुरुवार) कर दिया है।
बकरीद के लिए प्रशासन ने क्या नियम जारी किए हैं
प्रशासन ने सार्वजनिक स्थानों पर पशु बलि और सड़कों पर नमाज पढ़कर रास्ता रोकने पर रोक लगाई है। केवल निर्धारित स्थानों पर ही इन गतिविधियों की अनुमति होगी।