Lucknow में विधानसभा घेराव की कोशिश, पुलिस और आजाद समाज पार्टी के बीच झड़प

UP/Lucknow: लखनऊ में शुक्रवार को आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा का घेराव करने की कोशिश की। इस दौरान परिवर्तन चौक से आगे बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हुई। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे

UP/Lucknow: लखनऊ में शुक्रवार को आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा का घेराव करने की कोशिश की। इस दौरान परिवर्तन चौक से आगे बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हुई। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया, जिसके बाद इलाके में काफी तनाव देखा गया।

यह पूरा विवाद मेरठ में पार्टी प्रमुख और नगीना सांसद चंद्र शेखर आजाद को रोके जाने से शुरू हुआ। 10 जुलाई 2026 को चंद्र शेखर आजाद एक दलित महिला के परिवार से मिलने मेरठ जा रहे थे, लेकिन गाजियाबाद पुलिस ने उन्हें दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर रोक दिया। इस वजह से दिल्ली-देहरादून हाईवे पर लंबा जाम लग गया और पुलिस व समर्थकों के बीच धक्का-मुक्की हुई।

चंद्र शेखर आजाद ने इस कार्रवाई का कड़ा विरोध किया और हाईवे पर ही धरने पर बैठ गए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने अपने बड़े अधिकारियों को खुश करने के लिए उन्हें रोका और निर्दोष लोगों पर लाठीचार्ज किया। बाद में पुलिस को दौराला टोल प्लाजा पर ललिता के परिवार को बुलाना पड़ा, जहाँ चंद्र शेखर आजाद ने उनसे बातचीत की और एक महापंचायत शुरू हुई। मेरठ की इसी घटना के विरोध में लखनऊ में पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और विधानसभा की ओर मार्च निकालने का प्रयास किया।