Lucknow में भीषण अग्निकांड, गेमिंग जोन और कोचिंग सेंटर में आग से 18 की मौत
Lucknow/UP: राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार दोपहर एक तीन मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग में भीषण आग लग गई। इस हादसे में अब तक 18 लोगों की जान चली गई है, जिनमें ज्यादातर 19 से 30 साल के युवा और छात्र थे। आग इतनी भयानक थ
Lucknow/UP: राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार दोपहर एक तीन मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग में भीषण आग लग गई। इस हादसे में अब तक 18 लोगों की जान चली गई है, जिनमें ज्यादातर 19 से 30 साल के युवा और छात्र थे। आग इतनी भयानक थी कि कई लोगों ने अपनी जान बचाने के लिए इमारत से छलांग लगा दी, जबकि कुछ लोग बाथरूम में छिप गए थे।
यह घटना पुरनिया बाजार के उषा मेहता मार्ग पर स्थित एक इमारत में हुई, जहां ग्राउंड फ्लोर पर पेट शॉप और ऊपरी मंजिलों पर हेड हॉपर्स एनिमेशन एंड गेमिंग जोन, 3D आर्ट स्टूडियो और एक कोचिंग सेंटर चल रहा था। शुरुआती जांच में पता चला है कि आग दूसरी मंजिल पर AC कंप्रेसर फटने की वजह से लगी, जिसने देखते ही देखते पूरी बिल्डिंग को अपनी चपेट में ले लिया। इमारत चारों तरफ से बंद होने के कारण लोगों को बाहर निकलने का रास्ता नहीं मिला।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना की जानकारी मिलते ही अपना अलीगढ़ का दौरा रद्द किया और लखनऊ पहुंचकर मौके का मुआयना किया। उन्होंने अधिकारियों को घायलों के इलाज और बचाव कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं और कहा है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस हादसे पर दुख जताया है और मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है।
इस हादसे ने एक बार फिर सूरत और राजकोट के उन पुराने जख्मों को ताजा कर दिया है, जहां इसी तरह की लापरवाही से कई जानें गई थीं। सूरत के कोचिंग सेंटर और राजकोट के गेमिंग जोन में हुई आग में कुल 47 लोगों की मौत हुई थी। लखनऊ में भी सुरक्षा नियमों की अनदेखी की बात सामने आ रही है, जबकि शहर में जून महीने से ही फायर सेफ्टी ऑडिट अभियान चलाया जा रहा था।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| तारीख और समय | 22 जून, 2026 (दोपहर 2 से 3 बजे) |
| स्थान | अलीगंज, पुरनिया बाजार, लखनऊ |
| कुल मौतें | 18 (प्रारंभिक रिपोर्ट) |
| मुख्य कारण | AC कंप्रेसर फटना/शॉर्ट सर्किट |
| प्रभावित संस्थान | गेमिंग जोन, एनिमेशन स्टूडियो और कोचिंग सेंटर |
| राहत राशि (PMNRF) | मृतकों को 2 लाख, घायलों को 50 हजार |