UP: लखनऊ में 10 जून, 2026 को आम आदमी पार्टी (AAP) के कार्यकर्ताओं ने पेपर लीक के मुद्दे पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी हजरतगंज चौराहे से विधानसभा की ओर मार्च कर रहे थे, लेकिन इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं क
UP: लखनऊ में 10 जून, 2026 को आम आदमी पार्टी (AAP) के कार्यकर्ताओं ने पेपर लीक के मुद्दे पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी हजरतगंज चौराहे से विधानसभा की ओर मार्च कर रहे थे, लेकिन इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प हो गई। कार्यकर्ताओं की मुख्य मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री का इस्तीफा है।
AAP ने सरकार पर क्या आरोप लगाए?
AAP नेता संजय सिंह ने केंद्र और उत्तर प्रदेश की सरकारों को पेपर लीक रोकने में नाकाम बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस लापरवाही की वजह से लाखों छात्रों का भविष्य खतरे में पड़ गया है। संजय सिंह ने सरकार को ‘पेपर लीक सरकार’ कहा और सवाल उठाया कि परीक्षाओं के लिए ब्लैकलिस्टेड कंपनियों को ठेका क्यों दिया गया। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार शांतिपूर्ण बैठकों को पुलिस के जरिए रोकने की कोशिश कर रही है।
सरकार और अन्य नेताओं का क्या कहना है?
दूसरी तरफ, उत्तर प्रदेश के मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को गलत बताया। उन्होंने कहा कि मंत्री दोषी नहीं हैं और मामले में जरूरी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि अब पेपर लीक की घटनाओं में 90% तक की कमी आई है। वहीं, Exampur कोचिंग के विवेक सर ने 12 जून को लखनऊ के इको गार्डन में एक बड़े महाआंदोलन की घोषणा की है।
आगे क्या होने वाला है?
संजय सिंह ने ऐलान किया है कि AAP आने वाले दिनों में छात्रों के बीच जाएगी और बेरोजगारी व परीक्षा अनियमितताओं के खिलाफ बड़े कार्यक्रम शुरू करेगी। इसके अलावा, प्रयागराज में गिरफ्तार हुए दो छात्रों की रिहाई के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर करने की बात भी कही गई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में AAP का प्रदर्शन क्यों हुआ?
10 जून, 2026 को पेपर लीक की घटनाओं के विरोध में AAP कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान क्या हुआ?
कार्यकर्ता हजरतगंज चौराहे से विधानसभा की ओर बढ़ रहे थे, जहाँ उनका सामना पुलिस से हुआ और दोनों के बीच झड़प हुई।