Gurugram के Medanta Hospital में सोनम वांगचुक से मिलने गए INDIA गठबंधन के सांसदों को पुलिस ने रोका

Haryana/Gurugram: एक्टिविस्ट Sonam Wangchuk की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम के Medanta Hospital में भर्ती कराया गया है। बुधवार, 22 जुलाई 2026 को INDIA गठबंधन के 15 सांसदों का एक दल उनसे मिलने पहुंचा था, लेकिन हर

Haryana/Gurugram: एक्टिविस्ट Sonam Wangchuk की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम के Medanta Hospital में भर्ती कराया गया है। बुधवार, 22 जुलाई 2026 को INDIA गठबंधन के 15 सांसदों का एक दल उनसे मिलने पहुंचा था, लेकिन हरियाणा पुलिस ने उन्हें अस्पताल के बाहर ही रोक दिया। पुलिस का कहना था कि अस्पताल के नियमों के मुताबिक केवल खून के रिश्तों वाले लोग ही उनसे मिल सकते हैं।

Sonam Wangchuk 28 जून 2026 से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर थे। दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद उन्हें मंगलवार शाम को सफदरजंग अस्पताल से Medanta Hospital शिफ्ट किया गया। कोर्ट ने उनके मौलिक अधिकारों और बेहतर इलाज के लिए यह फैसला लिया था। अस्पताल ने बताया कि वांगचुक को ICU में रखा गया है और उनकी हालत फिलहाल स्थिर है। उनकी पत्नी Gitanjali Angmo को कोर्ट ने उनके पास हर समय रहने की अनुमति दी है।

इस बीच, विपक्षी दलों के कुछ अन्य सांसद जैसे कांग्रेस के विवेक तन्खा, TMC की सागरिका घोष और CPI(M) के जॉन ब्रिटास उनसे मिलने में कामयाब रहे। उन्होंने वांगचुक और उनकी पत्नी से मुलाकात की और उन्हें भूख हड़ताल खत्म करने की सलाह दी। सांसदों ने भरोसा दिलाया कि परीक्षा में गड़बड़ी और शिक्षा सुधारों के मुद्दे को संसद में मजबूती से उठाया जाएगा।

दूसरी तरफ, Sonam Wangchuk ने अपनी शर्त रखी है कि अगर केंद्र सरकार यह लिखित भरोसा दे कि विरोध प्रदर्शन करने वाले छात्रों और युवाओं के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं होगी, तो वह अपनी भूख हड़ताल खत्म कर देंगे। गौरतलब है कि 21 जुलाई की रात को केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने भी अस्पताल जाकर उनका हाल जाना था।