Great Britain Sevens के खिलाड़ियों के लिए बढ़ी मुश्किलें, फुल टाइम कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने के बाद अब अन्य टीमों की तलाश

World: Great Britain Sevens के पुरुष और महिला खिलाड़ियों के लिए समय मुश्किल हो गया है। पिछले साल से उनके फुल टाइम कॉन्ट्रैक्ट खत्म कर दिए गए और उन्हें पार्ट टाइम मॉडल पर लाया गया। अब इन खिलाड़ियों को अपने खेल के प्रति जु

World: Great Britain Sevens के पुरुष और महिला खिलाड़ियों के लिए समय मुश्किल हो गया है। पिछले साल से उनके फुल टाइम कॉन्ट्रैक्ट खत्म कर दिए गए और उन्हें पार्ट टाइम मॉडल पर लाया गया। अब इन खिलाड़ियों को अपने खेल के प्रति जुनून को जिंदा रखने के लिए नई नौकरी और अन्य टीमों की तलाश करनी पड़ रही है।

Rugby Football Union (RFU), Scottish Rugby और Welsh Rugby Union ने मिलकर GB Sevens प्रोग्राम में बदलाव का फैसला लिया था। 23 मई 2025 को यह ऐलान हुआ कि अगले सीजन (2025-2026) से प्रोग्राम ‘कैंप और कॉम्पिटिशन’ मॉडल पर चलेगा। इस बड़े बदलाव के पीछे वित्तीय दबाव और खिलाड़ियों के विकास की रणनीति को बताया गया। RFU के परफॉर्मेंस डायरेक्टर कॉनर ओ’शे ने साफ किया कि अन्य देशों के विपरीत GB7s को ओलंपिक फंडिंग नहीं मिलती है, इसलिए यह कदम उठाना जरूरी था।

इस फैसले का असर खिलाड़ियों पर पड़ा और जुलाई 2025 के बाद उनके पुराने कॉन्ट्रैक्ट खत्म हो गए। कई खिलाड़ियों ने अब पेशेवर क्लबों के साथ डील की है ताकि उनका करियर चलता रहे।

  • Harri Williams ने Welsh URC टीम Ospreys के साथ अपना कॉन्ट्रैक्ट बढ़ा लिया है।
  • Josh Radcliffe 2026-27 सीजन के लिए Cornish Pirates टीम से जुड़ गए हैं।
  • Kaleem Barreto जैसे खिलाड़ियों को अब अपनी रग्बी प्रैक्टिस के साथ दूसरी नौकरी को मैनेज करना पड़ रहा है।

वहीं दूसरी तरफ Scottish Rugby ने अपनी पुरुष टीम को फिर से फुल टाइम प्रोग्राम के तौर पर शुरू किया है। इसमें स्कॉटलैंड, वेल्स और इंग्लैंड के खिलाड़ी शामिल हो सकते हैं। महिलाओं के लिए LIT United Kingdom 7s जैसी स्वतंत्र पहल शुरू हुई है ताकि उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने का मौका मिले। इसके अलावा British Elite 7s टूर्नामेंट भी एक विकल्प बना हुआ है जहाँ बड़ी इनामी राशि जीतने का मौका मिलता है। मैड्रिड अब भी इस खेल का बड़ा केंद्र बना हुआ है जहाँ HSBC SVNS वर्ल्ड चैंपियनशिप ग्रैंड फाइनल जैसे बड़े मुकाबले होते हैं।