Delhi: देश की राजधानी दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा एक बड़ी चिंता बनी हुई है। NCRB की नई रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2024 में दिल्ली में महिलाओं के खिलाफ अपराध के सबसे ज्यादा मामले सामने आए हैं। यहां कुल 13,396 मामले दर्ज कि
Delhi: देश की राजधानी दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा एक बड़ी चिंता बनी हुई है। NCRB की नई रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2024 में दिल्ली में महिलाओं के खिलाफ अपराध के सबसे ज्यादा मामले सामने आए हैं। यहां कुल 13,396 मामले दर्ज किए गए, जो देश के 19 बड़े शहरों में सबसे अधिक हैं।
दिल्ली में अपराध के आंकड़े क्या कहते हैं?
NCRB की रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली में प्रति एक लाख महिलाओं पर अपराध की दर 176.8 रही। हालांकि, अपराध दर के मामले में दिल्ली जयपुर, इंदौर और लखनऊ के बाद चौथे नंबर पर है। साल 2024 के आंकड़ों पर नजर डालें तो दिल्ली में बलात्कार के 1,058 मामले और अपहरण या अगवा करने के 3,974 मामले दर्ज हुए। इसके अलावा दहेज से जुड़ी मौतों की संख्या 109 रही।
पूरे भारत में क्या स्थिति रही?
राष्ट्रीय स्तर पर देखें तो 2024 में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 2023 के मुकाबले 1.5% की कमी आई है। पूरे भारत में कुल 4.41 लाख मामले दर्ज हुए, जबकि पिछले साल यह संख्या 4.48 लाख थी। रिपोर्ट में यह बात सामने आई कि देश भर में पति या रिश्तेदारों द्वारा की गई क्रूरता महिलाओं के खिलाफ अपराध का सबसे बड़ा कारण रही। कुल मिलाकर भारत में दर्ज अपराधों में 6% की गिरावट दर्ज की गई।
कानून में बदलाव का क्या असर पड़ा?
रिपोर्ट में यह भी जिक्र है कि ‘चोट या गंभीर चोट’ के मामलों में कमी आई है। इसका एक बड़ा कारण 2023 में लागू हुई भारतीय न्याय संहिता (BNS) हो सकती है, जिसने पुराने IPC की जगह ली। नए नियमों के तहत साधारण ‘चोट’ को अब गैर-संज्ञेय अपराध बना दिया गया है, जिससे आंकड़ों में बदलाव दिख रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
2024 में दिल्ली में महिलाओं के खिलाफ कितने मामले दर्ज हुए?
NCRB की रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में दिल्ली में महिलाओं के खिलाफ कुल 13,396 मामले दर्ज किए गए, जो देश के 19 प्रमुख शहरों में सबसे ज्यादा हैं।
राष्ट्रीय स्तर पर महिलाओं के खिलाफ अपराधों में कितनी कमी आई?
पूरे भारत में 2024 में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 2023 की तुलना में 1.5% की कमी आई है, जिसमें कुल 4.41 लाख मामले दर्ज हुए।